ब्रिटेन ने मिडिल ईस्ट में ड्रोन हमलों से निपटने के लिए एक नया और सस्ता सिस्टम तैनात किया है। इसे Advanced Precision Kill Weapon System यानी APKWS कहा गया है। यह सिस्टम रॉयल एयर फोर्स के Typhoon फाइटर जेट्स में लगाया गया है ताकि दुश्मन के ड्रोन को पूरी सटीकता से गिराया जा सके।

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APKWS सिस्टम क्या है और यह कैसे काम करता है?

यह नया सिस्टम साधारण रॉकेट को लेजर गाइडेड हथियार में बदल देता है। इससे फाइटर जेट्स अब बहुत कम खर्चे में ड्रोन को निशाना बना सकेंगे। ब्रिटेन के रक्षा मंत्रालय (MoD) के अनुसार, इस सिस्टम को बहुत तेजी से तैयार किया गया। मार्च में जमीन पर और अप्रैल में हवा में इसका सफल परीक्षण हुआ। इस सिस्टम को बनाने में BAE Systems और QinetiQ जैसी कंपनियों ने रक्षा मंत्रालय के साथ मिलकर काम किया है।

मिडिल ईस्ट में सुरक्षा के लिए ब्रिटेन का क्या प्लान है?

ब्रिटेन के 9 स्क्वाड्रन के Typhoon जेट्स अब मिडिल ईस्ट में उड़ान भर रहे हैं। यह कदम वहां मौजूद ब्रिटिश कर्मियों और पार्टनर्स की सुरक्षा के लिए उठाया गया है। रक्षा मंत्री ल्यूक पोलार्ड ने बताया कि इससे कम खर्च में ज्यादा ड्रोन गिराए जा सकेंगे। इसके अलावा, ब्रिटेन ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज की सुरक्षा के लिए 115 मिलियन पाउंड का फंड दिया है और HMS Dragon युद्धपोत भी तैनात किया है। कुवैत में पहले से ही Rapid Sentry एयर डिफेंस सिस्टम मौजूद है और ईरान के ड्रोन हमलों को रोकने के लिए यूक्रेन के विशेषज्ञों की मदद ली जा सकती है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

APKWS सिस्टम की सबसे बड़ी खासियत क्या है?

यह सिस्टम साधारण रॉकेट को लेजर-गाइडेड बनाता है, जिससे ड्रोन को गिराना पहले के मुकाबले काफी सस्ता और सटीक हो जाता है।

ब्रिटेन ने मिडिल ईस्ट की सुरक्षा के लिए और क्या इंतजाम किए हैं?

ब्रिटेन ने कुवैत में Rapid Sentry सिस्टम तैनात किया है और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज की सुरक्षा के लिए HMS Dragon युद्धपोत और 115 मिलियन पाउंड का निवेश किया है।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com