ब्रिटेन सरकार ने ईरान के राजदूत को तलब किया है। यह कदम ईरान के दूतावास द्वारा सोशल मीडिया पर की गई कुछ विवादित पोस्ट के बाद उठाया गया। ब्रिटेन के विदेश कार्यालय ने साफ कहा है कि वे अपनी राष्ट्रीय सुरक्षा के साथ कोई समझौता नहीं करेंगे और अपनी जनता की सुरक्षा के लिए जरूरी कदम उठाएंगे।

ब्रिटेन ने ईरान के राजदूत को क्यों बुलाया?

ईरान के दूतावास ने सोशल मीडिया पर कुछ ऐसी बातें लिखीं जिन्हें ब्रिटिश सरकार ने पूरी तरह गलत और भड़काऊ माना। दूतावास ने ब्रिटेन में रहने वाले ईरानियों से ‘देश के लिए जान कुर्बान करने’ की अपील की थी। इसके अलावा, उन्हें ईरानी सरकार के डिजिटल प्लेटफॉर्म Mikhak के जरिए एक ‘देशभक्ति अभियान’ में रजिस्ट्रेशन करने के लिए कहा गया था।

ब्रिटेन सरकार ने क्या चेतावनी दी?

मिडल ईस्ट मंत्री Hamish Falconer ने राजदूत को बुलाकर सख्त निर्देश दिए। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि ईरानी दूतावास को ऐसी किसी भी बातचीत को तुरंत बंद करना होगा जिसे ब्रिटेन या अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हिंसा को बढ़ावा देने के रूप में देखा जा सके।

  • ब्रिटेन ने ईरान के शासन को क्रूर और दमनकारी बताया है।
  • सरकार ने ब्रिटेन की जमीन पर ईरान की संदिग्ध गतिविधियों पर सवाल उठाए हैं।
  • खाड़ी देशों के सहयोगियों पर ईरान के हमलों और अपने ही लोगों पर हिंसा के लिए ईरान की आलोचना की गई।

Frequently Asked Questions (FAQs)

ब्रिटेन ने किस वजह से ईरानी राजदूत को तलब किया?

ईरानी दूतावास ने सोशल मीडिया पर ब्रिटेन में रहने वाले प्रवासियों से जान कुर्बान करने और देशभक्ति अभियान में शामिल होने को कहा था, जिसे ब्रिटिश सरकार ने भड़काऊ माना।

ब्रिटिश मंत्री ने दूतावास को क्या निर्देश दिए?

मंत्री Hamish Falconer ने निर्देश दिया कि दूतावास ऐसी किसी भी बातचीत को बंद करे जिससे ब्रिटेन या अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हिंसा को बढ़ावा मिले।