संयुक्त राष्ट्र (UN) के महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने मध्य पूर्व (Middle East) में चल रहे मौजूदा संकट पर गंभीर चिंता जताई है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर पोस्ट करते हुए कहा है कि यह युद्ध अंतरराष्ट्रीय शांति और सुरक्षा के लिए एक बड़ा खतरा बन गया है। अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर किए गए सैन्य हमलों और उसके बाद ईरान की जवाबी कार्रवाई ने पूरे गल्फ क्षेत्र में भारी तनाव पैदा कर दिया है। इस टकराव की वजह से आम नागरिकों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

🗞️: Saudi Arabia Defense Update: सऊदी रक्षा मंत्रालय का बड़ा बयान, आसमान में घुसे 9 ड्रोन को हवा में ही मार गिराया

गल्फ देशों पर युद्ध का असर और भारत का रुख

इस तनाव का सीधा असर उन गल्फ देशों पर पड़ रहा है जहां बड़ी संख्या में भारतीय प्रवासी रहते हैं। ईरान द्वारा किए गए जवाबी हमलों से बहरीन, इराक, जॉर्डन, कुवैत, कतर, सऊदी अरब और UAE जैसे देशों में हवाई क्षेत्र और सुरक्षा प्रभावित हुई है। इसी बीच भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए ईरान के राष्ट्रपति पेजेशकियन से फोन पर बातचीत की है और इस बढ़ते विवाद पर भारत की चिंता जाहिर की है। यूएन प्रमुख गुटेरेस ने भी सभी पक्षों से तुरंत युद्ध रोकने, अंतरराष्ट्रीय कानून का पालन करने और बातचीत के जरिए समाधान निकालने की अपील की है।

भारी जानमाल का नुकसान और दुनिया पर आर्थिक प्रभाव

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) की ताजा रिपोर्ट के अनुसार 12 मार्च 2026 तक इस युद्ध में कई लोगों की जान जा चुकी है। आम लोगों के साथ-साथ स्वास्थ्य सुविधाओं को भी भारी नुकसान पहुंचा है।

  • ईरान में 1300 से अधिक और लेबनान में 570 से ज्यादा मौतें दर्ज की गई हैं।
  • लेबनान में करीब 7 लाख लोग अपना घर छोड़ने को मजबूर हुए हैं।
  • ईरान ने इजरायल पर 8 मार्च को बेरूत के एक होटल में अपने 4 वरिष्ठ राजनयिकों की हत्या का आधिकारिक आरोप लगाया है।
  • एयरस्पेस बंद होने से गल्फ क्षेत्र को टूरिज्म और ट्रैवल में हर दिन लगभग 600 मिलियन डॉलर का भारी नुकसान हो रहा है।

इस युद्ध से ग्लोबल इकॉनमी को बचाने के लिए अमेरिकी ऊर्जा विभाग ने अगले हफ्ते से 172 मिलियन बैरल तेल बाजार में उतारने का ऐलान किया है। अमेरिकी प्रशासन का कहना है कि उनका मुख्य लक्ष्य ईरान के परमाणु इरादों को रोकना और ग्लोबल मार्केट में तेल की सप्लाई को बिना रुकावट चालू रखना है ताकि आम आदमी पर इसका सीधा असर न पड़े।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.