संयुक्त राष्ट्र (UN) की प्रताड़ना विरोधी समिति (CAT) ने पाकिस्तान में मानवाधिकारों की बिगड़ती हालत पर बड़ा अलार्म बजाया है। समिति ने पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान और मानवाधिकार कार्यकर्ता महरंग बलोच की हिरासत और उनके साथ हो रहे व्यवहार को लेकर गंभीर चिंता जताई है। रिपोर्ट में कहा गया है कि पाकिस्तान में राजनीतिक हस्तियों और कार्यकर्ताओं को निशाना बनाया जा रहा है और उन्हें मनमाने ढंग से हिरासत में रखा गया है।

UN कमेटी ने पाकिस्तान पर किन मुद्दों को लेकर सवाल उठाए हैं?

UN की CAT कमेटी ने 1 मई 2026 को अपनी जांच के बाद निष्कर्ष जारी किए। समिति ने पाकिस्तान में हो रही प्रताड़ना, अवैध हिरासत और राजनीतिक विरोधियों के खिलाफ की गई कार्रवाई पर नाराजगी जताई है। मुख्य बिंदु नीचे दिए गए हैं:

  • अफगान शरणार्थी: 2023 के ‘अवैध विदेशियों की वापसी योजना’ के तहत अफगान शरणार्थियों को जबरन बाहर भेजने पर सवाल उठाए गए।
  • पुलिस प्रताड़ना: पुलिस द्वारा किए गए दुर्व्यवहार की पूरी जांच करने और दोषियों को सजा देने की मांग की गई।
  • मानवाधिकार उल्लंघन: पत्रकारों, वकीलों और प्रदर्शनकारियों के खिलाफ की जा रही दमनकारी कार्रवाई पर चिंता जताई गई।

इमरान खान और महरंग बलोच की हिरासत का क्या मामला है?

UN ने विशेष रूप से इमरान खान और महरंग बलोच के मामलों का जिक्र किया है। UN स्पेशल रैपोर्टर एलिस जिल एडवर्ड्स ने दिसंबर 2025 में ही चेतावनी दी थी कि इमरान खान को लंबे समय तक अकेले रखा जाना मनोवैज्ञानिक प्रताड़ना के समान है।

  • इमरान खान: सितंबर 2023 से अडियाला जेल में बंद इमरान खान को पूरी तरह अलग-थलग रखा गया है, जिसे UN ने गलत बताया है।
  • महरंग बलोच: बलोच मानवाधिकार रक्षकों और महरंग बलोच की रिहाई की मांग की गई है और शांतिपूर्ण प्रदर्शनों पर crackdown रोकने को कहा गया है।
  • मनमानी हिरासत: UN वर्किंग ग्रुप ने इमरान खान, बुशरा बीबी और महरंग बलोच की हिरासत को ‘मनमाना’ (Arbitrary) करार दिया है।

पाकिस्तान के कानून और जमीनी हकीकत में क्या अंतर है?

पाकिस्तान ने 2022 में ‘टॉर्चर एंड कस्टोडियल डेथ (प्रिवेंशन एंड पनिशमेंट) एक्ट’ लागू किया था ताकि हिरासत में प्रताड़ना को रोका जा सके। हालांकि, पाकिस्तान के ही नेशनल कमीशन फॉर ह्यूमन राइट्स (NCHR) ने बताया कि इस कानून के कार्यान्वयन में बहुत कमियां हैं। UN ने पाकिस्तान को सलाह दी है कि वह अपने कानूनों की समीक्षा करे और यह सुनिश्चित करे कि हिरासत में बंद राजनीतिक कैदियों को जरूरी मेडिकल सुविधा मिले।

Frequently Asked Questions (FAQs)

UN CAT ने अपनी रिपोर्ट कब जारी की और इसमें मुख्य चिंता क्या थी?

UN कमेटी ने 1 मई 2026 को अपनी रिपोर्ट जारी की। इसमें पाकिस्तान में राजनीतिक कार्यकर्ताओं और पूर्व पीएम इमरान खान के साथ हो रही प्रताड़ना और अवैध हिरासत पर चिंता जताई गई।

इमरान खान की जेल की स्थिति पर UN का क्या कहना है?

UN स्पेशल रैपोर्टर के अनुसार, इमरान खान को लंबे समय तक एकांत कारावास (solitary confinement) में रखना मनोवैज्ञानिक प्रताड़ना की श्रेणी में आता है।