Strait of Hormuz को लेकर संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UN Security Council) में बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। अमेरिका और ईरान के बीच तनाव इतना बढ़ गया है कि जहाजों के आने-जाने का मुख्य रास्ता बंद है और UN इस पर कोई ठोस फैसला नहीं ले पा रहा है। इस वजह से पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था और समुद्री व्यापार पर संकट मंडरा रहा है।

UN में क्या हुआ और क्यों रुका जहाजों का रास्ता?

समुद्री सुरक्षा को लेकर UN Security Council में बैठक हुई लेकिन वहां कोई सहमति नहीं बन पाई। Bahrain ने एक प्रस्ताव पेश किया था जिसमें ईरान के हमलों को रोकने और जहाजों के लिए रास्ता खोलने की बात थी, लेकिन Russia और China ने इसे वीटो कर दिया। ईरान ने इस रास्ते को बंद कर दिया है और वहां समुद्री माइन बिछाने और नागरिक जहाजों पर हमले करने के आरोप हैं। वहीं दूसरी ओर, 13 अप्रैल 2026 से अमेरिका ने ईरान के बंदरगाहों की नाकाबंदी कर रखी है।

ईरान का नया प्रस्ताव और अमेरिका का रुख क्या है?

ईरान ने Pakistan के जरिए अमेरिका को एक नया ऑफर भेजा है। ईरान ने कहा है कि अगर अमेरिका अपनी नाकाबंदी खत्म करे और युद्ध रोके, तो वह Strait of Hormuz को फिर से खोल देगा। हालांकि, ईरान ने परमाणु कार्यक्रम पर बातचीत बाद में करने की बात कही है। दूसरी तरफ, अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump के इस ऑफर को मानने की संभावना कम है क्योंकि वह चाहते हैं कि ईरान पहले अपने परमाणु कार्यक्रम को पूरी तरह खत्म करे।

समुद्री व्यापार और आम लोगों पर क्या असर पड़ रहा है?

  • International Maritime Organization (IMO) के महासचिव Arsenio Dominguez ने कहा है कि फिलहाल वहां कोई सुरक्षित रास्ता नहीं है।
  • UN महासचिव António Guterres ने चेतावनी दी है कि इस नाकाबंदी की वजह से मानवीय संकट बढ़ रहा है और कई नाविक बीच समुद्र में फंसे हुए हैं।
  • UK और France ने भी ईरान की इस हरकत की निंदा की है और कहा है कि वैश्विक अर्थव्यवस्था को बंधक नहीं बनाया जा सकता।
  • 22 और 23 अप्रैल को कई कार्गो जहाजों पर हमले हुए और ईरान ने कुछ विदेशी जहाजों को पकड़ लिया है।
Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com