Strait of Hormuz में अंतरराष्ट्रीय जहाजों की आवाजाही को सुरक्षित बनाने के लिए संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UN Security Council) में एक अहम प्रस्ताव पर चर्चा चल रही है. बहरीन ने खाड़ी देशों की ओर से यह प्रस्ताव रखा है ताकि समुद्री रास्तों में किसी भी तरह की रुकावट को रोका जा सके. पहले इस प्रस्ताव पर शुक्रवार, 3 अप्रैल को वोटिंग होनी थी, लेकिन गुड फ्राइडे की छुट्टी के कारण अब इसे शनिवार, 4 अप्रैल के लिए टाल दिया गया है. इस कदम का मुख्य उद्देश्य समुद्र में व्यापारिक जहाजों का रास्ता साफ रखना है.

प्रस्ताव की मुख्य बातें और सुरक्षा नियम

इस प्रस्ताव में देशों को Strait of Hormuz और उसके पास के समुद्री इलाकों में सुरक्षा के लिए रक्षात्मक उपाय (defensive means) करने की अनुमति दी गई है. यह नियम फिलहाल 6 महीने के लिए लागू करने की योजना है. प्रस्ताव के बारे में कुछ खास बातें नीचे दी गई हैं:

  • यह केवल अपनी रक्षा के लिए कदम उठाने की अनुमति देता है, न कि हमला करने की.
  • प्रस्ताव से ‘आक्रामक सैन्य कार्रवाई’ जैसे शब्दों को हटा दिया गया है ताकि चीन और रूस जैसे देशों का समर्थन मिल सके.
  • इसका मकसद समुद्री रास्तों में दखलअंदाजी को रोकना और व्यापार को सुचारू बनाना है.
  • कोई भी कदम उठाने से पहले सुरक्षा परिषद को जानकारी देना अनिवार्य होगा.

इन देशों की है अहम भूमिका

Strait of Hormuz में जारी तनाव को लेकर दुनिया के कई बड़े देश अपनी नजर बनाए हुए हैं. बहरीन ने GCC देशों और जॉर्डन के साथ मिलकर यह पहल की है, जबकि ईरान ने इस पर कड़ी आपत्ति जताई है. ओमान ने भी नौवहन सुरक्षा पर अपनी चिंता पहले ही जाहिर कर दी थी.

विशेषता विवरण
प्रस्ताव पेश करने वाला देश Bahrain (GCC की ओर से)
वोटिंग की नई तारीख 4 अप्रैल 2026
प्रस्ताव का प्रकार गैर-बाध्यकारी राजनीतिक अधिकार (Non-binding)
मुख्य चिंता का क्षेत्र Strait of Hormuz में सुरक्षा

ईरान के विदेश मंत्री का कहना है कि इस रास्ते का भविष्य ईरान और ओमान तय करेंगे. वहीं, संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने सभी पक्षों से संयम बरतने की अपील की है. समुद्री रास्तों की सुरक्षा से सीधे तौर पर उन सामानों और तेल की कीमतों पर असर पड़ता है जो इन रास्तों से भारत और अन्य देशों तक पहुंचते हैं, इसलिए प्रवासियों और व्यापारियों के लिए यह खबर काफी महत्वपूर्ण है.

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.