ईरान के मीनाब शहर में लड़कियों के एक स्कूल पर हुए हमले के बाद अब एक यमनी कार्टूनिस्ट ने अपनी कला के ज़रिए अमेरिका पर निशाना साधा है। IRNA न्यूज़ एजेंसी ने इस कार्टून को साझा किया है जिसमें अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को ‘झूठा मसीहा’ बताया गया है। यह मामला उस बमबारी से जुड़ा है जिसमें बड़ी संख्या में मासूम बच्चियों की जान गई थी।

स्कूल हमले में क्या हुआ था और कितना नुकसान हुआ

ईरान के मीनाब इलाके में शजरत ताइवा प्राइमरी स्कूल पर 28 फरवरी 2026 को हमला हुआ था। रिपोर्ट्स के मुताबिक इस हमले में 170 से ज़्यादा लोग मारे गए थे। मरने वालों में सबसे ज़्यादा संख्या 7 से 12 साल की स्कूली बच्चियों की थी। ईरान ने इस घटना के सीसीटीवी फुटेज भी जारी किए थे जिनमें भारी तबाही देखी गई।

हमले के पीछे किसका हाथ बताया जा रहा है

अल् जज़ीरा, न्यूयॉर्क टाइम्स और बीबीसी जैसी बड़ी संस्थाओं की जांच में यह बात सामने आई कि यह हमला अमेरिका की मिसाइल से हुआ था। माना जा रहा है कि अमेरिका ने पास में मौजूद एक सैन्य बेस को निशाना बनाना चाहा था, लेकिन पुराने और गलत डेटा की वजह से मिसाइल स्कूल पर गिर गई। अमेरिकी अधिकारियों ने शुरू में इसे अमेरिकी हमला बताया था, हालांकि बाद में इस पर अलग-अलग बयान आए।

ईरान सरकार का फैसला और अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया

ईरान की विदेश मंत्रालय ने इस हमले को मासूमों के खिलाफ बर्बरता बताया है। ईरान सरकार ने फैसला किया है कि इस बमबारी से टूटे हुए स्कूल को एक म्यूजियम में बदला जाएगा ताकि दुनिया को इन अपराधों के बारे में बताया जा सके। वहीं संयुक्त राष्ट्र और कई मानवाधिकार संगठनों ने इस घटना की निंदा की है और निष्पक्ष जांच की मांग की है।

विवरण जानकारी
घटना की तारीख 28 फरवरी 2026
स्थान मीनाब, ईरान
स्कूल का नाम शजरत ताइवा प्राइमरी स्कूल
कुल मौतें 170 से ज़्यादा
बच्चों की मौत 160 से ज़्यादा लड़कियां
हमलावर अमेरिकी मिसाइल (कथित तौर पर)
जांच एजेंसियां Al Jazeera, NYT, BBC