अमेरिका और ईरान के बीच समुद्र में तनाव काफी बढ़ गया है। अमेरिकी सेना ने दावा किया है कि ईरान की नाकेबंदी की वजह से अब तक 75 जहाजों को अपना रास्ता बदलना पड़ा है। इस बीच दुनिया के बड़े देशों के बीच बातचीत भी चल रही है ताकि जहाजों की आवाजाही फिर से सामान्य हो सके।
अमेरिका ने जहाजों को लेकर क्या दावा किया है?
US Central Command (CENTCOM) ने 15 मई 2026 को बताया कि उनकी सेना ने 70 कमर्शियल जहाजों का रास्ता बदला है। इसके अलावा 4 जहाजों को ‘डिसेबल’ किया गया ताकि वे नियमों का पालन करें। कुछ अन्य रिपोर्टों में इस संख्या को 67 से 75 के बीच बताया गया है। अमेरिका ने मानवीय सहायता ले जा रहे 15 जहाजों को गुजरने की इजाजत दी है। बता दें कि अमेरिका ने 13 अप्रैल 2026 से ईरानी बंदरगाहों की नाकेबंदी शुरू की थी।
ईरान का क्या कहना है और इलाके में क्या हालात हैं?
ईरान के विदेश मंत्री Seyed Abbas Araghchi ने कहा कि उनके हिसाब से Strait of Hormuz सभी कमर्शियल जहाजों के लिए खुला है। उन्होंने कहा कि जहाजों को ईरानी नौसेना के साथ सहयोग करना होगा। उन्होंने अमेरिका पर हमले और नाकेबंदी का आरोप लगाया है।
- एक कार्गो शिप पर अज्ञात विमान ने हमला किया।
- अबू धाबी के एक जहाज पर कतर के पानी में ड्रोन हमला हुआ।
- एक जहाज को UAE के तट के पास से पकड़कर ईरान ले जाया गया।
अमेरिका और चीन के बीच क्या सहमति बनी?
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच मुलाकात हुई। दोनों नेताओं ने इस बात पर सहमति जताई कि Strait of Hormuz खुला रहना चाहिए। ट्रंप ने यह भी साफ किया कि ईरान को कभी परमाणु हथियार नहीं मिलने चाहिए। चीन ने इस विवाद को खत्म करने और रास्ता खोलने में मदद की पेशकश की है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
अमेरिका ने कितने जहाजों का रास्ता बदला है?
CENTCOM के मुताबिक लगभग 70 कमर्शियल जहाजों का रास्ता बदला गया और 4 जहाजों को रोका गया, जबकि मानवीय सहायता के लिए 15 जहाजों को जाने की अनुमति दी गई।
ईरान का इस विवाद पर क्या स्टैंड है?
ईरान के विदेश मंत्री Seyed Abbas Araghchi ने कहा कि Strait of Hormuz खुला है, लेकिन जहाजों को ईरानी नौसेना के नए कानूनी प्रोटोकॉल का पालन करना होगा।
