इराक के बसरा शहर में कुवैती वाणिज्य दूतावास पर हुए हमले के बाद अब अमेरिका ने अपनी कड़ी प्रतिक्रिया दी है। 9 अप्रैल 2026 को अमेरिका ने इस हमले की कड़े शब्दों में निंदा की और इसे अंतरराष्ट्रीय नियमों का उल्लंघन बताया। 7 अप्रैल को हुई इस घटना ने खाड़ी क्षेत्र में कूटनीतिक तनाव को काफी बढ़ा दिया है, जिसमें प्रदर्शनकारियों ने दूतावास परिसर में घुसकर तोड़फोड़ की थी।

दूतावास पर हमले और कुवैत की कार्रवाई से जुड़ी अहम बातें

7 अप्रैल 2026 को बसरा में भीड़ ने कुवैती दूतावास पर हमला किया और वहां से कुवैत का झंडा हटा दिया। कुवैत के विदेश मंत्रालय ने इस घटना को वियना कन्वेंशन का गंभीर उल्लंघन माना है। इसके बाद कुवैत ने इराक के राजनयिक को तलब किया और सुरक्षा में चूक के लिए इराक सरकार को सीधे तौर पर जिम्मेदार ठहराया है। इराक ने भी इस मामले की गंभीरता को देखते हुए एक विशेष जांच कमेटी बनाने का ऐलान किया है।

अमेरिका और अन्य खाड़ी देशों का इस मामले पर क्या कहना है?

अमेरिकी विदेश मंत्रालय के ब्यूरो फॉर नियर ईस्टर्न अफेयर्स ने इराक सरकार से मांग की है कि वह हमले के पीछे मौजूद आतंकी समूहों को खत्म करे। अमेरिका ने इन हमलों के लिए ईरान समर्थित इराकी गुटों को जिम्मेदार बताया है। इस संकट के बीच सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात (UAE), ओमान और कतर जैसे देशों ने भी कुवैत के साथ एकजुटता दिखाई है और राजनयिक मिशनों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की अपील की है।

तारीख घटना का विवरण
7 अप्रैल 2026 बसरा में कुवैती दूतावास पर हमला और प्रदर्शनकारियों की घुसपैठ
8 अप्रैल 2026 कुवैत ने इराक के अधिकारी को तलब किया और विरोध जताया
8 अप्रैल 2026 इराक सरकार ने जांच के लिए विशेष कमेटी का गठन किया
9 अप्रैल 2026 अमेरिका ने आधिकारिक तौर पर हमले की कड़ी निंदा की