ओमान की खाड़ी (Gulf of Oman) में अमेरिकी सेना ने ईरान की तरफ बढ़ रहे एक तेल टैंकर पर हमला करके उसे रोकने की कार्रवाई की है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने पुष्टि की है कि पलाऊ के झंडे वाले इस खाली टैंकर का नाम M/T Marivex है और यह ईरान के बंदरगाह की तरफ जा रहा था। इस घटना के समय जहाज पर 24 भारतीय क्रू मेंबर्स सवार थे जिन्हें सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है।
अमेरिकी विमान वाहक पोत से कैसे हुआ यह हमला
अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के आधिकारिक बयान के अनुसार, यूएसएस अब्राहम लिंकन (USS Abraham Lincoln CVN-72) विमान वाहक पोत से उड़ान भरने वाले F/A-18 सुपर हॉर्नेट लड़ाकू विमान ने इस कार्रवाई को अंजाम दिया। टैंकर के इंजीनियरिंग और स्टीयरिंग वाले हिस्से पर सटीक निशाना लगाया गया जिससे जहाज आगे बढ़ने लायक नहीं रहा। अमेरिकी अधिकारियों का कहना है कि यह कदम तब उठाया गया जब जहाज के क्रू ने उनके निर्देशों का पालन करने से मना कर दिया था।
ईरान की समुद्री नाकेबंदी और भारतीय नाविकों की सुरक्षा
यह घटना 8 जून 2026 को हुई है। राहत की बात यह है कि जहाज पर सवार सभी 24 भारतीय नागरिकों को सुरक्षित बचा लिया गया है। अमेरिकी सेना ने 13 अप्रैल से ईरान के खिलाफ एक समुद्री नाकेबंदी लागू की हुई है। इस अभियान के तहत अमेरिकी सेना अब तक बात न मानने वाले 7 जहाजों को रोक चुकी है, जबकि 134 जहाजों का रास्ता बदला गया है। इस दौरान केवल मानवीय सहायता ले जाने वाले 42 जहाजों को ही आगे जाने की मंजूरी मिली है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
ओमान की खाड़ी में किस जहाज पर अमेरिकी सेना ने कार्रवाई की है
अमेरिकी सेना ने पलाऊ के झंडे वाले तेल टैंकर M/T Marivex पर कार्रवाई की है, जो खाली था और ईरान के बंदरगाह की तरफ जा रहा था।
क्या इस घटना में जहाज पर सवार भारतीय क्रू मेंबर्स सुरक्षित हैं
हाँ, जहाज पर मौजूद सभी 24 भारतीय क्रू मेंबर्स को सुरक्षित निकाल लिया गया है और किसी को कोई नुकसान नहीं पहुँचा है।
