ओमान की खाड़ी में अमेरिकी सेना ने ईरान पर लगे समुद्री प्रतिबंधों का उल्लंघन करने के आरोप में एक और तेल टैंकर पर बड़ी कार्रवाई की है। 9 जून 2026 को अमेरिकी सेना ने पलाऊ के झंडे वाले तेल टैंकर ‘M/T Settebello’ के इंजन रूम पर मिसाइल दागकर उसे बेकार कर दिया। इस घटना के बाद टैंकर पर सवार तीन भारतीय नाविक लापता हो गए हैं, जबकि 21 को सुरक्षित बचा लिया गया है। भारत के विदेश मंत्रालय ने इस हमले की कड़ी निंदा की है और ओमान के अधिकारियों के साथ मिलकर लापता नाविकों की तलाश शुरू कर दी है।

📰: Riyadh Air Flight Update: सऊदी की नई सरकारी एयरलाइन की पहली उड़ान हुई कन्फर्म, लंदन के लिए शुरू हुई सेवा, प्रवासियों को मिलेगा बड़ा फायदा

अमेरिकी सेना ने तेल टैंकर पर कार्रवाई क्यों की?

यूएस सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने पुष्टि की है कि यह कार्रवाई ईरान के खिलाफ 13 अप्रैल 2026 से लागू अमेरिकी नौसैनिक नाकेबंदी का हिस्सा है। अमेरिकी सेना का कहना है कि इस टैंकर को बार-बार चेतावनी दी गई थी, लेकिन चालक दल के सदस्यों ने निर्देशों का पालन नहीं किया।

चेतावनी की अनदेखी करने के बाद, अमेरिकी विमान ने टैंकर के इंजन रूम को निशाना बनाकर सटीक हमला किया ताकि जहाज रुक जाए। सेना का मकसद जहाज को डुबाना नहीं बल्कि उसे रोकना था। इससे पहले 8 जून को भी अमेरिकी लड़ाकू विमान F/A-18 सुपर हॉर्नेट ने एक और टैंकर ‘M/T Marivex’ पर ऐसी ही कार्रवाई की थी।

लापता भारतीय नाविकों को लेकर भारत सरकार का क्या एक्शन है?

M/T Settebello टैंकर पर हुए इस हमले के बाद चालक दल के 3 भारतीय सदस्य लापता हो गए हैं, जबकि 21 भारतीय नाविकों को सुरक्षित बचा लिया गया है। भारत के विदेश मंत्रालय ने इस हमले पर गहरा दुख जताया है और आधिकारिक तौर पर इसका कड़ा विरोध दर्ज कराया है। भारत ने इस क्षेत्र में कमर्शियल जहाजों और नागरिक बुनियादी ढांचों को निशाना बनाना तुरंत बंद करने की मांग की है। ओमान के अधिकारी इस समय ओमान की खाड़ी में लापता भारतीय नाविकों के लिए बड़े पैमाने पर खोज और बचाव अभियान चला रहे हैं।

अमेरिकी नाकेबंदी के आंकड़े क्या कहते हैं?

अमेरिकी प्रशासन और राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को लेकर बेहद सख्त रुख अपनाया है। ट्रंप ने चेतावनी दी है कि अगर ईरान कोई समझौता नहीं करता है तो उस पर और कड़े हमले किए जाएंगे। 13 अप्रैल 2026 से शुरू हुई इस नाकेबंदी के तहत अमेरिकी सेना ने अब तक कई कार्रवाई की हैं:

  • नियमों का उल्लंघन करने वाले कुल 8 जहाजों को अब तक निष्क्रिय किया जा चुका है।
  • नियमों का पालन करने वाले 134 जहाजों का रास्ता बदला गया है।
  • मानवीय सहायता ले जाने वाले 42 जहाजों को सुरक्षित जाने की अनुमति दी गई है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

ओमान की खाड़ी में किस तेल टैंकर पर अमेरिकी सेना ने हमला किया?

अमेरिकी सेना ने 9 जून 2026 को पलाऊ के झंडे वाले तेल टैंकर M/T Settebello पर सटीक मिसाइल हमला किया, जिससे उसका इंजन रूम निष्क्रिय हो गया।

इस हमले में कितने भारतीय नाविक प्रभावित हुए हैं?

इस टैंकर पर मौजूद 21 भारतीय नाविकों को सुरक्षित बचा लिया गया है, जबकि 3 नाविक अभी भी लापता हैं जिनकी तलाश के लिए ओमान में अभियान चलाया जा रहा है।

अमेरिका ने ईरान पर कब से समुद्री नाकेबंदी लागू की है?

यूएस सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के अनुसार, ईरान से तेल के अवैध परिवहन को रोकने के लिए 13 अप्रैल 2026 से यह नौसैनिक नाकेबंदी लागू की गई है।