U.S. Department of the Treasury ने 29 जुलाई 2026 को ईरान पर नए आर्थिक प्रतिबंध लागू कर दिए हैं। अमेरिकी सरकार का कहना है कि ईरान अंतरराष्ट्रीय शिपिंग का उपयोग करके अपनी सेना, Islamic Revolutionary Guard Corps (IRGC) को फंड दे रहा है। अमेरिकी ट्रेजरी सचिव Scott Bessent ने साफ कहा है कि अमेरिका ईरान को वैश्विक व्यापार में बाधा डालने की इजाजत नहीं देगा।
प्रतिबंध का कारण और असर
अमेरिकी सरकार के अनुसार, ईरान की अर्थव्यवस्था काफी खराब स्थिति में है और वहां महंगाई बहुत बढ़ चुकी है। जिन कंपनियों पर प्रतिबंध लगाया गया है उनमें Persian Gulf Marine Insurance Company और HormuzSafe Marine Services Authority शामिल हैं। इन पर आरोप है कि ये कंपनियां Strait of Hormuz से गुजरने वाले जहाजों से जबरन बीमा के नाम पर पैसे वसूल रही थीं और वह पैसा IRGC की आतंकी गतिविधियों में इस्तेमाल हो रहा था।
दुनिया भर में तनाव
इन प्रतिबंधों के साथ ही सैन्य तनाव भी बढ़ गया है। अमेरिका ने बताया है कि ईरान ने सैन्य ठिकानों पर बैलिस्टिक मिसाइलें दागी हैं। U.S. Central Command (Centcom) और सऊदी सेना ने इराक में ईरान समर्थित मिलिटेंट्स पर हमले किए हैं, क्योंकि पिछले 72 घंटों में अमेरिकी ठिकानों पर 30 ड्रोन हमले किए गए थे। दूसरी तरफ, ईरान के सरकारी मीडिया का दावा है कि उन्होंने भी अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया है। इस विवाद के कारण अंतरराष्ट्रीय समुद्र मार्ग पर सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता बनी हुई है।
