अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे तनाव में एक बड़ी राहत की खबर सामने आई है। दोनों देशों के बीच 14 दिनों के लिए एक अस्थाई युद्धविराम समझौता हुआ है। पूर्व भारतीय राजनयिक Ashok Sajjanhar ने इस पर अपनी राय देते हुए कहा है कि जब भी ऐसा कोई समझौता होता है, तो हर पक्ष अपनी जीत का दावा करता है। उन्होंने साफ किया कि युद्ध में असल में कोई नहीं जीतता और अंतरराष्ट्रीय समुदाय को इसकी असल स्थिति की जांच करनी चाहिए।

🗞️: US-Iran Ceasefire: अमेरिका और ईरान के बीच हुआ बड़ा समझौता, पाकिस्तान की मेहनत आई काम, MWL ने किया स्वागत.

समझौते की मुख्य बातें और 10 सूत्रीय प्रस्ताव

ईरान ने अमेरिका के सामने 10 सूत्रीय मांगें रखी हैं जिसे राष्ट्रपति Donald Trump ने बातचीत का एक अच्छा आधार माना है। पाकिस्तान की मध्यस्थता से हुए इस समझौते के कुछ प्रमुख बिंदु इस प्रकार हैं:

  • ईरान पर लगे सभी पुराने आर्थिक प्रतिबंधों को हटाना
  • Strait of Hormuz से समुद्री जहाजों को सुरक्षित रास्ता देने का वादा
  • मध्य पूर्व के इलाकों से अमेरिकी सेना की वापसी की मांग
  • ईरान की अंतरराष्ट्रीय बैंकों में जमी हुई संपत्ति को वापस रिलीज करना
  • संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के जरिए इस समझौते को कानूनी रूप देना

विवाद के बीच 10 अप्रैल को Islamabad में होगी बैठक

इस युद्धविराम के बावजूद दोनों पक्षों के बीच कुछ बड़े मतभेद अभी भी बने हुए हैं। इजरायल और अमेरिका का कहना है कि Lebanon में Hezbollah के खिलाफ कार्रवाई इस समझौते का हिस्सा नहीं है, जबकि ईरान इसे समझौते का उल्लंघन मान रहा है। आगे की विस्तार से बातचीत के लिए 10 अप्रैल को पाकिस्तान की राजधानी Islamabad में दोनों देशों के प्रतिनिधियों की बैठक होनी तय हुई है।

तारीख महत्वपूर्ण घटनाक्रम
28 फरवरी अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच संघर्ष शुरू हुआ
8 अप्रैल 2026 दो हफ्ते के युद्धविराम पर लिखित सहमति बनी
9 अप्रैल 2026 Ashok Sajjanhar ने समझौते पर अपना बयान दिया
10 अप्रैल 2026 इस्लामाबाद में अगली बड़ी कूटनीतिक बातचीत प्रस्तावित

अमेरिकी उपराष्ट्रपति JD Vance ने स्पष्ट किया है कि इजरायल ने लेबनान में हमले रोकने का कोई वादा नहीं किया है। वहीं ईरान के संसद अध्यक्ष Mohammad Bagher Ghalibaf ने इजरायल पर समझौते की शर्तों को तोड़ने का आरोप लगाया है। इस बीच व्हाइट हाउस ने उन खबरों को गलत बताया है जिनमें कहा जा रहा था कि Strait of Hormuz को बंद कर दिया गया है।