अमेरिका और ईरान के बीच दो हफ्ते के सीजफायर का ऐलान होने के तुरंत बाद लेबनान में भीषण हमले हुए हैं। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री Shehbaz Sharif की मध्यस्थता में हुए इस समझौते पर अब गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। जहां एक तरफ पाकिस्तान और ईरान का दावा है कि लेबनान भी इस शांति समझौते का हिस्सा है, वहीं दूसरी तरफ अमेरिका और इजरायल ने इस बात को पूरी तरह खारिज कर दिया है। इस विवाद के बीच लेबनान में हुई बमबारी ने पूरे इलाके में तनाव को एक बार फिर चरम पर पहुंचा दिया है।

सीजफायर के बाद लेबनान में क्या हालात हैं और पाकिस्तान का क्या पक्ष है?

बुधवार को लेबनान में अब तक का सबसे बड़ा हमला हुआ जिसमें 254 लोगों की मौत हो गई और 1100 से ज्यादा लोग घायल हुए। इस हमले के बाद लेबनान में शोक का दिन घोषित किया गया है। अमेरिका में पाकिस्तान के राजदूत Rizwan Saeed Sheikh ने सीएनएन को दिए इंटरव्यू में बताया कि यह सीजफायर लेबनान को भी कवर करता है। उनके मुताबिक पाकिस्तान की यह समझ बिल्कुल पक्की है कि शांति समझौता हर जगह लागू होना था। लेबनान के राष्ट्रपति Joseph Aoun ने इजरायल के इन हमलों को बर्बरता बताया है।

अलग-अलग देशों और नेताओं ने समझौते पर क्या कहा?

इस सीजफायर को लेकर दुनिया के प्रमुख देशों के बीच बयानों का बड़ा अंतर देखने को मिल रहा है जिससे भ्रम बढ़ गया है। नीचे दी गई टेबल से आप समझ सकते हैं कि किस देश का क्या रुख है।

नेता/देश आधिकारिक बयान
Benjamin Netanyahu (इजरायल) दो हफ्ते के सीजफायर में लेबनान शामिल नहीं है
Donald Trump (अमेरिका) लेबनान एक अलग मामला है और समझौते का हिस्सा नहीं है
Abbas Araghchi (ईरान) अमेरिका समझौते के ढांचे का उल्लंघन कर रहा है
JD Vance (अमेरिकी उप-राष्ट्रपति) अमेरिका ने कभी लेबनान को शामिल करने का वादा नहीं किया
Shehbaz Sharif (पाकिस्तान) सीजफायर में लेबनान और अन्य सभी क्षेत्र शामिल हैं

ताजा घटनाक्रम और इस समझौते का भविष्य क्या है?

लेबनान में हुए भीषण हमलों के बाद ईरान ने अपनी प्रतिक्रिया में Strait of Hormuz को फिर से बंद कर दिया है। ईरान का कहना है कि अमेरिका ने सीजफायर की शर्तों को तोड़ा है। वहीं अमेरिका के रक्षा सचिव Pete Hegseth ने इसे अपनी जीत बताया है। अरब लीग के प्रमुख ने भी इजरायल पर आरोप लगाया है कि वह जानबूझकर इस शांति समझौते को खराब करने की कोशिश कर रहा है। संयुक्त राष्ट्र ने फिलहाल सभी पक्षों से अंतरराष्ट्रीय कानूनों का पालन करने की अपील की है ताकि शांति की दिशा में बढ़ा जा सके।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com