अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे तनाव के बीच एक बड़ी खबर आई है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ युद्धविराम (ceasefire) को अनिश्चित काल के लिए बढ़ा दिया है। इस खबर का सीधा असर ग्लोबल तेल बाज़ार पर पड़ा है और कच्चे तेल की कीमतों में तेजी देखी गई है।
अमेरिका और ईरान के बीच युद्धविराम क्यों बढ़ा?
पाकिस्तान की मध्यस्थता के बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने यह फैसला लिया। ट्रंप ने कहा कि यह विस्तार तब तक रहेगा जब तक ईरानी नेता एक साझा प्रस्ताव (unified proposal) पेश नहीं करते और बातचीत पूरी नहीं हो जाती। उन्होंने यह भी बताया कि ईरान की सरकार अभी अंदरूनी तौर पर काफी बंटी हुई है। हालांकि, अमेरिका की ओर से होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) की समुद्री नाकाबंदी जारी रहेगी।
कच्चे तेल की कीमतों पर क्या असर हुआ?
युद्धविराम की घोषणा के बाद US crude oil futures में बढ़त दर्ज की गई। West Texas Intermediate (WTI) कच्चे तेल की कीमत 90.70 अमेरिकी डॉलर प्रति बैरल के उच्च स्तर तक पहुंच गई। फिलहाल यह 90.26 डॉलर पर ट्रेड कर रहा है, जिसमें 59 सेंट या 0.7 प्रतिशत की बढ़ोतरी देखी गई है।
ईरान का इस पर क्या कहना है?
ईरान ने अभी तक इस विस्तार पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है। ईरान ने दूसरे दौर की बातचीत में शामिल होने की पुष्टि भी नहीं की है। ईरान का कहना है कि अमेरिका ने कुछ ऐसे कदम उठाए हैं जो उन्हें स्वीकार नहीं हैं, जिसमें मुख्य रूप से समुद्री नाकाबंदी का मुद्दा शामिल है।
