अमेरिका और ईरान के बीच चल रही युद्ध विराम की बातचीत को लेकर ईरान की राजधानी तेहरान में लोग काफी डरे और सहमे हुए हैं। लोग बहुत बेचैनी से इंतजार कर रहे हैं कि अमेरिका के साथ चल रही यह बातचीत क्या मोड़ लेती है। इस बीच जमीनी हालात काफी तनावपूर्ण बने हुए हैं क्योंकि बातचीत की खबरों के साथ-साथ दोनों देशों के बीच हमले भी जारी हैं। ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराक्छी ने साफ किया है कि बातचीत के रास्ते जरूर खुले हैं लेकिन फिलहाल कोई औपचारिक बातचीत नहीं हो रही है।

📰: UK Court Decision: सऊदी छात्र की बेरहमी से हत्या करने वाले को ब्रिटिश कोर्ट ने सुनाई उम्रकैद, 22 साल से पहले नहीं मिलेगी पैरोल.

ईरान और अमेरिका के बीच बातचीत में क्यों फंसा है पेंच?

ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराक्छी ने 4 जून 2026 को बयान दिया कि बातचीत में कोई खास प्रगति नहीं हुई है। उन्होंने साफ चेतावनी दी है कि अगर इजरायल ने लेबनान की राजधानी बेरूत पर हमला किया, तो अमेरिका और ईरान के बीच फिर से बड़े पैमाने पर जंग शुरू हो जाएगी। ईरान का मानना है कि सभी मोर्चों पर युद्ध विराम होना चाहिए, तभी बातचीत आगे बढ़ेगी। इसके विपरीत, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने उम्मीद जताई है कि बातचीत बहुत अच्छी चल रही है और इस वीकेंड तक कोई समझौता हो सकता है। ट्रंप चाहते हैं कि लेबनान के विवाद को ईरान के मामले से अलग रखा जाए, जिसे ईरान स्वीकार नहीं कर रहा है।

कुवैत इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हमला और सैन्य टकराव

बातचीत की कोशिशों के बीच 3 जून 2026 को एक बड़ा हमला हुआ। ईरान ने कुवैत इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर ड्रोन हमले की जिम्मेदारी ली है, जिसमें 1 व्यक्ति की मौत हो गई और 63 लोग घायल हो गए। अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने ईरान के दावों को खारिज करते हुए इसे एक जानबूझकर किया गया हमला बताया है और जवाबी कार्रवाई में ईरान के सैन्य ठिकानों पर हवाई हमले किए हैं। इस बीच लेबनान सीमा पर भी इजरायली हमले जारी हैं, जिसमें संयुक्त राष्ट्र के एक शांतिदूत की मौत हो गई है।

हिजबुल्लाह ने शांति प्रस्ताव को किया खारिज

3 जून को अमेरिका, इजरायल और लेबनान के बीच वाशिंगटन में एक समझौते का खाका तैयार हुआ था। इसके तहत हिजबुल्लाह को लितानी नदी के दक्षिणी इलाके से पीछे हटना था, लेकिन 4 जून को हिजबुल्लाह ने इस शांति प्रस्ताव को पूरी तरह से ठुकरा दिया है। ईरान के सर्वोच्च नेता ने भी अमेरिका और इजरायल पर ईरान के लोगों के बीच आपसी फूट डालने की कोशिश करने का आरोप लगाया है। दूसरी तरफ अमेरिकी संसद में राष्ट्रपति ट्रंप को बिना अनुमति जंग लड़ने से रोकने का एक प्रस्ताव पास हुआ है, जिसे ट्रंप ने देश विरोधी बताया है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

क्या अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध विराम समझौता हो गया है?

नहीं, अभी कोई समझौता नहीं हुआ है। ईरानी विदेश मंत्री के अनुसार बातचीत में कोई ठोस प्रगति नहीं हुई है, जबकि अमेरिकी राष्ट्रपति ने बातचीत को सकारात्मक बताया है।

कुवैत एयरपोर्ट पर हुए हमले में कितना नुकसान हुआ है?

3 जून 2026 को कुवैत इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए ड्रोन हमले में 1 व्यक्ति की मौत हुई है और 63 लोग घायल हुए हैं। ईरान ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है।