अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर चरम पर पहुंच गया है। गुरुवार, 28 मई 2026 को अमेरिकी सेना ने दक्षिण ईरान के बंदर अब्बास एयरपोर्ट पर हमला किया, जिसके तुरंत बाद ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने खाड़ी में स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकाने पर जवाबी कार्रवाई की। ईरान के अधिकारियों का कहना है कि उनकी सेना हर तरह के हमले का जवाब देने के लिए पूरी तरह तैयार है। इस घटना के बाद से अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल की कीमतें भी बढ़ने लगी हैं।

ईरान और अमेरिका के बीच ताजा भिड़ंत क्यों हुई?

गुरुवार 28 मई 2026 को अमेरिकी सेना ने ईरान के बंदर अब्बास हवाई अड्डे के एक हिस्से को निशाना बनाकर गोले दागे थे। इसके जवाब में ईरान के IRGC ने तुरंत एक्शन लिया और खाड़ी में बने उस अमेरिकी ठिकाने पर हमला किया जहां से अमेरिकी कार्रवाई शुरू हुई थी। ईरान के उप विदेश मंत्री काज़ेम गरीबाबादी ने बताया कि यह जवाबी कार्रवाई देश की सैन्य ताकत को सबके सामने लाती है। दोनों देशों के बीच तनाव कम करने के लिए 60 दिनों के समझौते की बातचीत चल रही थी, लेकिन इस ताज़ा हमले ने शांति की कोशिशों को बड़ा झटका दिया है।

ईरान के सैन्य कमांडरों ने क्या चेतावनी दी है?

ईरान के सैन्य कमांडर ब्रिगेडियर जनरल हसन हसनजादेह ने साफ शब्दों में चेतावनी दी है कि अगर दुश्मनों ने कोई भी गलत कदम उठाया तो उन्हें तुरंत और करारा जवाब दिया जाएगा। उन्होंने जानकारी दी कि उनकी नौसेना, वायु सेना और बासिज बल इस समय सबसे मजबूत स्थिति में हैं। इसके अलावा ईरान की सेना जल्द ही नए सिरे से सैन्य अभ्यास और ट्रेनिंग प्रोग्राम भी शुरू करने जा रही है ताकि किसी भी चुनौती का सामना किया जा सके।

हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) पर क्या है पूरा विवाद?

हॉर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया का एक बहुत ही महत्वपूर्ण समुद्री व्यापार मार्ग है। ईरान का कहना है कि इस इलाके पर उसका पूरा अधिकार है और वह किसी भी विदेशी सैन्य गतिविधि को यहां बर्दाश्त नहीं करेगा। ईरान ने अमेरिका और उसके सहयोगी देशों के जहाजों के इस रास्ते से गुजरने पर कड़े प्रतिबंध लगा दिए हैं। इससे पहले 27 मई 2026 को अमेरिका ने ईरान की इस समुद्री अथॉरिटी (PGSA) पर प्रतिबंध भी लगाए थे, जिससे विवाद और ज्यादा बढ़ गया है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

अमेरिका और ईरान के बीच ताजा विवाद की मुख्य वजह क्या है?

28 मई 2026 को अमेरिकी सेना ने ईरान के बंदर अब्बास एयरपोर्ट पर हमला किया था, जिसके जवाब में ईरान ने खाड़ी में अमेरिकी सैन्य ठिकाने पर पलटवार किया। इसी वजह से दोनों देशों के बीच तनाव बढ़ गया है।

हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को लेकर ईरान का क्या रुख है?

ईरान का कहना है कि इस रणनीतिक समुद्री रास्ते पर उसकी पूरी संप्रभुता है। उसने अमेरिकी और उसके सहयोगी देशों के जहाजों के इस रास्ते से गुजरने पर पाबंदी लगा दी है।