अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर बहुत बढ़ गया है। US Central Command (CENTCOM) ने बुधवार रात और गुरुवार सुबह के बीच बड़ी कार्रवाई करते हुए ईरान के चार हमलावर ड्रोनों को हवा में मार गिराया। इसके साथ ही अमेरिकी सेना ने ईरान के बंदर अब्बास में एक ग्राउंड कंट्रोल स्टेशन पर भी बड़ा हमला किया, जहां से पांचवां ड्रोन उड़ाने की तैयारी चल रही थी। इस सैन्य कार्रवाई के बाद पूरे खाड़ी क्षेत्र में हलचल तेज हो गई है और कुवैत ने भी अपने इलाके में मिसाइल और ड्रोन हमलों का सामना करने की बात कही है।

🚨: Strait of Hormuz में बढ़ा तनाव, ईरान ने जहाजों पर चलाईं गोलियां तो अमेरिका ने मार गिराए 4 ड्रोन, ओमान को भी मिली चेतावनी

अमेरिका ने ईरान के ठिकानों पर हमला क्यों किया?

अमेरिकी सेना के अनुसार, यह कार्रवाई पूरी तरह से बचाव में की गई थी। CENTCOM का कहना है कि ईरान के ये ड्रोन Strait of Hormuz (हॉर्मुज जलडमरूमध्य) में समुद्री जहाजों के लिए बड़ा खतरा बन रहे थे। यह इस हफ्ते अमेरिका की तरफ से ईरान पर किया गया दूसरा बड़ा हमला है। इससे पहले सोमवार, 25 मई 2026 को भी अमेरिकी सेना ने सुरक्षा के नाम पर ईरान के मिसाइल ठिकानों और बारूदी सुरंग बिछाने वाले जहाजों को निशाना बनाया था। अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने बुधवार को साफ कहा कि किसी भी देश को Strait of Hormuz पर नियंत्रण करने की इजाजत नहीं दी जाएगी।

ईरान ने पलटवार में क्या कार्रवाई की?

अमेरिका के इन हमलों के बाद ईरान ने इसे सीजफायर का गंभीर उल्लंघन बताया है। ईरान की सेना Islamic Revolutionary Guard Corps (IRGC) ने घोषणा की है कि उन्होंने गुरुवार सुबह जवाबी कार्रवाई करते हुए एक अमेरिकी हवाई अड्डे को निशाना बनाया है। हालांकि ईरान ने इस अमेरिकी बेस के सटीक स्थान का खुलासा नहीं किया है, लेकिन कुवैत की तरफ से यह जानकारी आई है कि उसने गुरुवार सुबह अपने देश में मिसाइल और ड्रोन हमलों का जवाब दिया है। इस टकराव के कारण खाड़ी देशों में रहने वाले प्रवासियों और व्यापार करने वालों के बीच सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।

क्या बातचीत से सुलझेगा यह विवाद?

दोनों देशों के बीच यह सैन्य टकराव ऐसे समय में हो रहा है जब पिछले तीन महीने से चल रहे संघर्ष को रोकने के लिए वाशिंगटन और तेहरान के बीच नाजुक बातचीत चल रही है। अमेरिकी विदेश मंत्री Marco Rubio ने संकेत दिया है कि कूटनीति का रास्ता अभी भी खुला हुआ है। इसी बीच, अमेरिका के ट्रेजरी विभाग ने बुधवार, 27 मई 2026 को ईरान की ‘पर्सियन गल्फ स्ट्रेट अथॉरिटी’ पर नए प्रतिबंध लगा दिए हैं, जो इस महत्वपूर्ण समुद्री रास्ते से गुजरने वाले जहाजों से जबरन टोल वसूलने की कोशिश कर रही थी।

Frequently Asked Questions (FAQs)

अमेरिका और ईरान के बीच ताजा विवाद की मुख्य वजह क्या है?

विवाद की मुख्य वजह Strait of Hormuz में जहाजों की सुरक्षा है। अमेरिकी सेना ने सुरक्षा का हवाला देकर ईरान के चार ड्रोन गिराए और एक स्टेशन नष्ट किया, जिसे ईरान ने सीजफायर का उल्लंघन बताया है।

क्या इस हमले का असर कुवैत पर भी पड़ा है?

हाँ, ईरान द्वारा अमेरिकी हवाई अड्डे पर किए गए पलटवार के बाद कुवैत ने भी गुरुवार सुबह अपने हवाई क्षेत्र में मिसाइल और ड्रोन हमलों का जवाब देने की पुष्टि की है।