अमेरिका और ईरान के बीच तनाव के बीच अब बातचीत की खबरें आ रही हैं। राष्ट्रपति Donald Trump ने बताया कि दोनों देश एक समझौते की ओर बढ़ रहे हैं, लेकिन इसी दौरान फिर से हमले शुरू हो गए। इस पूरे मामले में पाकिस्तान भी बीच-बचाव कर रहा है ताकि युद्ध को रोका जा सके और शांति बहाल हो सके।

अमेरिका और ईरान के बीच क्या समझौता होने वाला है?

अमेरिका और ईरान एक छोटे और अस्थाई समझौते पर चर्चा कर रहे हैं। इसमें 14 पॉइंट का एक मेमोरेंडम (MOU) तैयार किया गया है। इस प्लान की मुख्य बातें नीचे दी गई हैं:

  • दो महीने से चल रही जंग को आधिकारिक तौर पर खत्म करना।
  • Strait of Hormuz के संकट को सुलझाना ताकि समुद्री रास्ता खुल सके।
  • एक व्यापक समझौते के लिए 30 दिन का समय तय करना।
  • ईरान द्वारा समुद्री रास्ते की पाबंदियां हटाना और अमेरिका द्वारा ईरानी बंदरगाहों की नाकेबंदी खत्म करना।
  • ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर रोक लगाना और अमेरिका द्वारा आर्थिक प्रतिबंध हटाना।
  • ईरान के फ्रीज किए गए पैसों (funds) को वापस करना।

ईरान इस प्रस्ताव पर विचार कर रहा है और 48 घंटे में अपना जवाब दे सकता है। हालांकि, ईरान के विदेश मंत्रालय ने कुछ शर्तों पर अपनी नाराजगी जाहिर की है।

हमलों के बीच Donald Trump ने क्या कहा?

बातचीत के बीच भी दोनों देशों के बीच सैन्य टकराव हुआ। US military के CENTCOM ने बताया कि ईरान ने तीन अमेरिकी नेवल डिस्ट्रॉयर्स पर हमला किया, जिसे नाकाम कर दिया गया। इसके जवाब में अमेरिका ने ईरान के मिसाइल और ड्रोन लॉन्च साइट्स और खुफिया केंद्रों को निशाना बनाया।

President Trump ने Truth Social पर लिखा कि ईरान को भारी नुकसान पहुंचाया गया है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर डील जल्दी नहीं हुई तो और भी हिंसक हमले होंगे। हालांकि, उन्होंने ABC News से बातचीत में कहा कि सीजफायर अभी भी लागू है और हालिया हमलों को उन्होंने सिर्फ एक छोटा सा इशारा बताया। दूसरी तरफ, ईरानी टीवी ने दावा किया कि अमेरिका ने उनके तेल टैंकर पर हमला किया, जिसके जवाब में उन्होंने अमेरिकी यूनिट्स को निशाना बनाया।

Frequently Asked Questions (FAQs)

अमेरिका और ईरान के बीच प्रस्तावित डील में क्या मुख्य शर्तें हैं?

इस 14 पॉइंट के समझौते में जंग खत्म करना, होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों की आवाजाही बहाल करना, प्रतिबंध हटाना और ईरान के फ्रीज किए गए फंड को वापस करना शामिल है।

क्या इस बातचीत में कोई तीसरा देश भी शामिल है?

हां, इस पूरे मामले में पाकिस्तान के अधिकारी अमेरिका और ईरान के बीच मध्यस्थता का काम कर रहे हैं।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com