अमेरिका और ईरान के बीच चल रही बातचीत को लेकर एक बड़ी खबर आई है। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने साफ किया है कि ईरान के साथ समझौते के दस्तावेज़ की भाषा को अंतिम रूप देने में अभी कुछ दिन का समय लग सकता है। कतर में दोनों पक्षों के बीच लगातार बातचीत चल रही है और इस समझौते के तहत होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को खोलने और सैन्य हमलों को रोकने पर सहमति बनाने की कोशिश की जा रही है।

क्या है इस नए समझौते में और क्यों हो रही है देरी?

अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत मुख्य रूप से एक शुरुआती फ्रेमवर्क दस्तावेज़ की भाषा को तय करने पर टिकी हुई है। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने बताया कि कतर में दोनों देशों के प्रतिनिधियों के बीच चर्चा हुई है। समझौते के तहत कुछ प्रमुख शर्तें इस प्रकार हैं:

  • 60 दिनों का संघर्षविराम: समझौते के प्रस्ताव में सैन्य अभियानों को रोकने और 60 दिनों के लिए संघर्षविराम बढ़ाने की बात कही गई है।
  • परमाणु कार्यक्रम पर प्रतिबद्धता: ईरान को अपने अत्यधिक संवर्धित यूरेनियम भंडार को हटाना होगा और परमाणु हथियार न बनाने की प्रतिबद्धता जतानी होगी।
  • प्रतिबंधों में ढील और तेल की बिक्री: इस समझौते के बाद ईरान को प्रतिबंधों में छूट मिल सकती है जिससे वह तेल बेच सकेगा और उसके फ्रीज किए गए पैसे भी वापस मिल सकते हैं।

डोनाल्ड ट्रंप और अमेरिकी सैन्य हमलों का क्या पड़ेगा असर?

एक तरफ जहां शांति समझौते की कोशिशें चल रही हैं, वहीं दूसरी तरफ अमेरिकी सेना ने दक्षिणी ईरान में ईरानी नावों और मिसाइल लॉन्च साइटों पर हमले किए हैं। अमेरिकी सेंट्रल कमांड के प्रवक्ता कैप्टन टिम हॉकिन्स ने इसे आत्मरक्षा में की गई कार्रवाई बताया है। इसके बावजूद अमेरिकी प्रशासन का कहना है कि इन हमलों से शांति समझौते पर कोई असर नहीं पड़ेगा और बातचीत जारी रहेगी। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर लिखा कि बातचीत अच्छी चल रही है लेकिन अमेरिका किसी जल्दबाजी में नहीं है और जब तक समझौता फाइनल नहीं हो जाता, तब तक ईरान के बंदरगाहों पर अमेरिकी नाकेबंदी जारी रहेगी।

Frequently Asked Questions (FAQs)

क्या अमेरिका और ईरान के बीच समझौता फाइनल हो गया है?

नहीं, अभी समझौता पूरी तरह से फाइनल नहीं हुआ है। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो के अनुसार, समझौते के दस्तावेज़ की सटीक भाषा तय करने में अभी कुछ दिन का समय लग सकता है।

क्या इस समझौते से होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) खुल जाएगा?

हाँ, इस समझौते के प्रमुख प्रस्तावों में रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलना शामिल है।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com