अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार को एक बड़ी घोषणा की है। उन्होंने बताया कि अमेरिका और ईरान के बीच एक समझौता हुआ है, जिससे दोनों देशों के बीच चल रहा विवाद खत्म होगा। इस डील के बाद दुनिया के लिए रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण Strait of Hormuz को फिर से खोला जाएगा।
ट्रंप ने कहा कि इस समझौते की पूरी जानकारी शुक्रवार को जेनेवा में होने वाली एक औपचारिक रस्म के बाद जारी की जाएगी। इस डील को एक Memorandum of Understanding (MOU) कहा जा रहा है, जिसके तहत अगले 60 दिनों तक Strait of Hormuz से जहाजों की आवाजाही बिना किसी रोक-टोक के हो सकेगी। राष्ट्रपति ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Truth Social पर दावा किया कि जहाजों ने वहां से गुजरना शुरू कर दिया है और शुक्रवार तक यह रास्ता पूरी तरह खुल जाएगा। उन्होंने ईरानी बंदरगाहों पर लगी अमेरिकी नौसेना की नाकाबंदी को तुरंत हटाने का आदेश भी दे दिया है।
दूसरी तरफ, ईरान के डिप्टी विदेश मंत्री काज़ेम ग़रीबबादी ने इस समझौते की पुष्टि तो की है, लेकिन साफ कहा है कि ईरान इसे तब तक लागू नहीं करेगा जब तक इस पर हस्ताक्षर नहीं हो जाते। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि 60 दिनों की शुरुआती अवधि के बाद ईरान वहां से गुजरने वाले जहाजों से फीस ले सकता है, जबकि ट्रंप ने इसे स्थायी रूप से टोल-फ्री बताया था।
इस खबर का असर वैश्विक बाजार पर तुरंत दिखा और दुनिया भर में तेल की कीमतों में भारी गिरावट आई, जबकि शेयर बाजारों में तेजी देखी गई। हालांकि, इस डील पर खतरा इसराइल की हरकतों से बना हुआ है, क्योंकि इसराइल लेबनान में अपनी सैन्य कार्रवाई जारी रखे हुए है। संयुक्त राष्ट्र के मानवाधिकार प्रमुख वोल्कर तुर्क ने इस समझौते का स्वागत किया है और इसे जल्द से जल्द लागू करने की अपील की है।