अमेरिका और ईरान के बीच कतर की राजधानी दोहा में हुई तकनीकी बातचीत अब खत्म हो गई है। कतर ने बताया कि दोनों देशों के बीच 14 पॉइंट वाले समझौते (MoU) को लेकर सकारात्मक प्रगति हुई है। इस पूरी प्रक्रिया में कतर और पाकिस्तान ने मध्यस्थ की भूमिका निभाई है ताकि दोनों देशों के बीच विवाद सुलझ सकें।

यह बातचीत 30 जून से शुरू हुई थी और 1 जुलाई 2026 को समाप्त हुई। कतर के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता डॉ. माजिद अल अंसारी ने पुष्टि की कि समझौते से जुड़े मुद्दों पर अच्छी चर्चा हुई है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी इन बातचीत को बहुत अच्छा बताया और कहा कि ईरान के परमाणु हथियारों को खत्म करने की प्रक्रिया सही दिशा में जा रही है।

ईरान के डिप्टी विदेश मंत्री काज़ेम गरीबआबादी ने बताया कि अब एक ऐसा संचार चैनल बनाया जाएगा जिससे समझौते के उल्लंघन की जानकारी दी जा सकेगी और उन पर चर्चा होगी। वहीं, ईरान का दावा है कि उसके अरबों डॉलर के फंसे हुए फंड को छोड़ने पर सहमति बनी है, लेकिन अमेरिकी अधिकारियों ने इस दावे से इनकार किया है।

समझौते (MoU) की मुख्य बातें

इस 14-पॉइंट वाले ‘इस्लामाबाद मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग’ में कई अहम शर्तें रखी गई हैं, जो इस प्रकार हैं:

  • लेबनान समेत सभी मोर्चों पर सैन्य अभियानों को तुरंत और हमेशा के लिए बंद करना।
  • 60 दिनों का युद्धविराम लागू करना और होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को फिर से खोलना।
  • अमेरिका 30 दिनों के भीतर अपनी नौसैनिक नाकाबंदी हटाना शुरू करेगा।
  • ईरान 60 दिनों तक व्यापारिक जहाजों के सुरक्षित passage की व्यवस्था करेगा और 30 दिनों के भीतर माइन्स हटाएगा।
  • ईरान के लिए कम से कम 300 अरब डॉलर का पुनर्निर्माण प्लान और प्रतिबंधों में राहत, जो अंतिम समझौते पर निर्भर करेगा।
  • परमाणु कार्यक्रम पर अंतिम डील के लिए 60 दिनों की बातचीत की अवधि।
  • ईरान परमाणु हथियार विकसित न करने और जमा किए गए समृद्ध यूरेनियम के निपटारे पर सहमत होगा।

इस बातचीत के दौरान अमेरिका की तरफ से स्टीव विटकॉफ और जेरेड कुशनर ने कतर के प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री मोहम्मद बिन अब्दुलरहमान अल थानी से मुलाकात की। उन्होंने सीधे तौर पर ईरानी राजनयिकों से मुलाकात नहीं की। ईरान की ओर से बातचीत का नेतृत्व डिप्टी विदेश मंत्री काज़ेम गरीबआबादी ने किया।

खबर यह भी है कि चर्चाओं को आसान बनाने के लिए अमेरिका और ईरान होर्मुज जलडमरूमध्य में एक हफ्ते तक तनाव कम करने पर सहमत हुए हैं। हालांकि, 1 जुलाई को एक विदेशी कंटेनर जहाज इसी इलाके में रास्ता भटकने के कारण फंस गया, जिसकी जानकारी ईरानी राज्य टेलीविजन ने दी। अगले दौर की बैठकें ईरान के पूर्व सर्वोच्च नेता के अंतिम संस्कार के बाद तय की जाएंगी।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.