US-Iran Deal: अमेरिका ईरान की 20 अरब डॉलर की जमा पूंजी छोड़ने पर विचार, परमाणु हथियार न बनाने की शर्त पर बातचीत शुरू
अमेरिका और ईरान के बीच चल रही बातचीत में एक बड़ा मोड़ आया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, अमेरिका ईरान की जमी हुई करीब 20 अरब डॉलर की संपत्ति को वापस करने पर विचार कर रहा है। यह कदम दोनों देशों के बीच चल रहे तनाव को खत्म करने और एक नए समझौते की दिशा में बढ़ाया गया कदम माना जा रहा है।
अमेरिका और ईरान के बीच क्या है यह डील?
इस समझौते के तहत अमेरिका ईरान की 20 अरब डॉलर की संपत्ति को अनफ्रीज कर सकता है। बदले में ईरान को अपना संवर्धित यूरेनियम का स्टॉक छोड़ना होगा, जिसमें 60% शुद्धता वाला मटेरियल भी शामिल है। डोनाल्ड ट्रंप ने बताया है कि वह ईरान के साथ समझौते के बहुत करीब हैं और ईरान ने परमाणु हथियार न बनाने पर सहमति जताई है।
बातचीत कहाँ और कब होगी?
दोनों देशों की बातचीत को आगे बढ़ाने के लिए पाकिस्तान, मिस्र और तुर्की मध्यस्थ की भूमिका निभा रहे हैं। संभावना है कि 19 अप्रैल को इस्लामाबाद में अमेरिकी और ईरानी टीमों की फिर से मुलाकात होगी। हालांकि, अभी भी कुछ मुद्दों पर असहमति है, जैसे यूरेनियम को कितने समय के लिए फ्रीज रखना है और उसे कैसे नष्ट करना है।
समझौते की मुख्य बातें एक नजर में
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| प्रस्तावित राशि | 20 अरब डॉलर |
| मुख्य शर्त | यूरेनियम स्टॉक का समर्पण |
| मध्यस्थ देश | पाकिस्तान, मिस्र, तुर्की |
| कुल जमी संपत्ति | 100 अरब डॉलर से अधिक |
| संभावित बैठक | 19 अप्रैल, इस्लामाबाद |