US Iran Blockade: अमेरिका ने ईरान के खिलाफ शुरू की ग्लोबल नाकाबंदी, ‘Operation Epic Fury’ के तहत पकड़े जाएंगे जहाज
अमेरिका ने ईरान के खिलाफ अपनी सैन्य कार्रवाई को और बड़ा कर दिया है। अब अमेरिका दुनिया भर के समुद्रों में ईरान से जुड़े जहाजों और उनके ‘डार्क फ्लीट’ पर कड़ी नजर रखेगा। पेंटागन ने साफ कर दिया है कि यह नाकाबंदी तब तक जारी रहेगी जब तक ईरान अपनी हरकतें नहीं सुधारता और जरूरत पड़ने पर अमेरिका फिर से बड़े युद्ध के लिए तैयार है।
अमेरिका की ग्लोबल नाकाबंदी क्या है और कौन से जहाज निशाने पर हैं?
अमेरिका ने ‘Operation Epic Fury’ के तहत अब ग्लोबल नाकाबंदी शुरू की है। इसका मुख्य मकसद ईरान को परमाणु हथियार बनाने की क्षमता हासिल करने से रोकना है। यह नियम हर उस जहाज पर लागू होगा जो ईरान के बंदरगाहों की तरफ जा रहा है या वहां से आ रहा है, चाहे वह किसी भी देश का जहाज हो। इसमें हथियार, गोला-बारूद, कच्चा तेल, लोहा, स्टील और एल्युमिनियम जैसे सामानों की सप्लाई रोकी जाएगी। अमेरिका ने साफ कहा है कि अंतरराष्ट्रीय पानी भी इन प्रतिबंधित जहाजों के लिए सुरक्षित ठिकाना नहीं होगा।
अब तक कितने जहाज पकड़े गए और अमेरिका का अगला कदम क्या है?
जनरल डैन केन ने जानकारी दी कि अब तक 34 जहाज अमेरिका की चेतावनी मानकर वापस मुड़ गए। वहीं, M/V Touska, M/T Tifani और M/T Majestic X नाम के तीन जहाजों को जब्त कर लिया गया है और इनके क्रू मेंबर्स अमेरिकी हिरासत में हैं। M/V Touska को चेतावनी के बाद इंजन रूम में फायरिंग कर रोका गया था। अमेरिका जल्द ही इस नाकाबंदी को और मजबूत करने के लिए एक और एयरक्राफ्ट करियर तैनात करने वाला है।
ईरान की प्रतिक्रिया और पाकिस्तान की क्या भूमिका है?
ईरान ने इस नाकाबंदी को युद्ध विराम का उल्लंघन बताया है और उसने होर्मुज जलडमरूमध्य में दो मालवाहक जहाजों पर हमला कर उन्हें जब्त कर लिया है। दूसरी तरफ, पाकिस्तान दोनों देशों के बीच शांति बातचीत कराने की कोशिश कर रहा है। ईरान का एक बड़ा राजनयिक जल्द ही पाकिस्तान जाएगा ताकि इस तनाव को कम करने पर चर्चा हो सके। वहीं, मलेशियाई सरकार भी अपने दो तेल टैंकरों को ईरान से निकालने के लिए बातचीत कर रही है।