अमेरिका और ईरान के बीच एक अंतरिम समझौता हुआ है, जिसकी जानकारी अब व्हाइट हाउस ने अमेरिकी कांग्रेस को दे दी है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प और ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियन ने इस डील पर हस्ताक्षर किए हैं। इस समझौते के बाद दोनों देशों के बीच तनाव कम होने और व्यापार बढ़ने की उम्मीद है।

कैसे हुआ यह समझौता

इस समझौते को ‘इस्लामाबाद मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग’ नाम दिया गया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने 17 जून 2026 को फ्रांस के वर्साय पैलेस में इस पर साइन किए थे। वहीं ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियन ने 18 जून 2026 को इसे अपनी मंजूरी दी। इस पूरे मामले में पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज़ शरीफ़ ने मध्यस्थ और गवाह की भूमिका निभाई।

सैन्य कार्रवाई और व्यापार पर असर

समझौते के तहत अब लेबनान समेत सभी मोर्चों पर सैन्य कार्रवाई तुरंत और हमेशा के लिए बंद कर दी जाएगी। दोनों पक्ष अब एक-दूसरे के खिलाफ बल प्रयोग नहीं करेंगे। अमेरिका अगले 30 दिनों के भीतर ईरानी बंदरगाहों की नाकेबंदी पूरी तरह खत्म कर देगा। बदले में ईरान ने वादा किया है कि वह अगले 60 दिनों तक होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से गुजरने वाले कमर्शियल जहाजों को बिना किसी शुल्क के सुरक्षित रास्ता देगा।

उपराष्ट्रपति J.D. Vance ने जानकारी दी कि समझौते के बाद होर्मुज जलडमरूमध्य से 12.5 मिलियन बैरल तेल गुजरा है।

परमाणु कार्यक्रम और आर्थिक मदद

ईरान ने साफ किया है कि वह परमाणु हथियार नहीं बनाएगा। यूरेनियम के भंडार को कम करने के लिए IAEA की निगरानी में काम होगा। अमेरिका अब ईरानी संपत्तियों को वापस करेगा और तेल निर्यात के लिए तुरंत छूट जारी करेगा। साथ ही, अमेरिका और उसके साथी देश मिलकर ईरान के पुनर्निर्माण के लिए 300 बिलियन डॉलर के फंड की योजना बनाएंगे। हालांकि, ईरान ने स्पष्ट कर दिया है कि उसके मिसाइल प्रोग्राम पर कोई बातचीत नहीं होगी।

मुख्य समझौतों की जानकारी

विषय समय सीमा/राशि
पुनर्निर्माण फंड 300 बिलियन डॉलर
नावल ब्लॉकेड खत्म करना 30 दिन
होर्मुज जलडमरूमध्य सुरक्षित रास्ता 60 दिन
अंतिम डील के लिए बातचीत का समय 60 दिन
तेल प्रवाह (हालिया अपडेट) 12.5 मिलियन बैरल

आगे क्या होगा

18 जून 2026 से अंतिम समझौते के लिए 60 दिनों की बातचीत शुरू हो गई है। 19 जून को स्विट्जरलैंड में इस डील को लागू करने के लिए बातचीत होनी तय है। अमेरिकी कांग्रेस में कुछ सदस्य इस डील की पारदर्शिता पर सवाल उठा रहे हैं और सरकार से और अधिक जानकारी मांग रहे हैं।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com