अमेरिका और ईरान के बीच समुद्र में तनाव बहुत बढ़ गया है. अमेरिका ने ईरान के बंदरगाहों की नाकेबंदी की थी, जिसके बाद दोनों देशों ने एक-दूसरे के जहाजों को पकड़ना शुरू कर दिया. अब ईरान ने अमेरिका की इस कार्रवाई को ‘समुद्री डकैती’ बताया है और जल्द ही कड़ा जवाब देने की चेतावनी दी है.

📰: Strait of Hormuz Update: ईरान ने जहाजों से वसूला पारगमन शुल्क, अमेरिका बोला खदान बिछाने वालों को मार गिराएंगे

अमेरिका ने कैसे पकड़ा ईरानी जहाज?

19 अप्रैल 2026 को अमेरिकी नौसेना के जहाज USS Spruance ने ओमान की खाड़ी में ईरान के कमर्शियल जहाज MV Toska को पकड़ लिया. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पुष्टि की कि यह जहाज अमेरिकी नाकेबंदी को तोड़ने की कोशिश कर रहा था. अमेरिकी सेना ने जहाज के इंजन रूम पर हमला कर उसे खराब कर दिया और फिर उसे अपने कब्जे में ले लिया.

ईरान ने क्या कार्रवाई की और क्या चेतावनी दी?

ईरान की IRGC ने इस घटना को ‘सशस्त्र डकैती’ और युद्ध विराम का उल्लंघन बताया है. जवाब में ईरान ने 22 अप्रैल को हॉर्मुज जलडमरूमध्य में MSC-FRANCESCA और EPAMINODES नाम के दो विदेशी जहाजों को जब्त कर लिया. ईरान का कहना है कि इन जहाजों ने नेविगेशन नियमों का उल्लंघन किया था. ईरान ने चेतावनी दी है कि अगर उसके बंदरगाहों को खतरा हुआ तो खाड़ी का कोई भी बंदरगाह सुरक्षित नहीं रहेगा.

क्षेत्रीय शांति और दुनिया पर क्या असर होगा?

ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची और अन्य अधिकारियों ने कहा है कि अमेरिका और इसराइल की हरकतों से पूरे इलाके की शांति खतरे में है. ईरान के कृषि मंत्री के मुताबिक, इस टकराव से दुनिया भर में खाने-पीने की चीजों की सप्लाई यानी फूड सिक्योरिटी पर भी बुरा असर पड़ सकता है. पाकिस्तान ने दोनों देशों के बीच युद्ध रोकने के लिए बीच-बचाव की कोशिश की थी, लेकिन हालात अब भी तनावपूर्ण बने हुए हैं.

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com