अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ गया है। अमेरिकी उपराष्ट्रपति JD Vance ने कहा कि दोनों देशों के बीच बातचीत में अच्छी प्रगति हो रही है, लेकिन अमेरिका किसी भी समय सैन्य कार्रवाई के लिए पूरी तरह तैयार है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी संकेत दिए हैं कि अगर बातचीत विफल रही, तो कुछ ही दिनों में ईरान पर हमले हो सकते हैं।
अमेरिका की तैयारी और बातचीत का क्या हाल है?
उपराष्ट्रपति JD Vance ने व्हाइट हाउस की एक ब्रीफिंग में साफ कहा कि वॉशिंगटन इस समय ‘locked and loaded’ है। इसका सीधा मतलब यह है कि अगर बातचीत से कोई समाधान नहीं निकला, तो सैन्य अभियान तुरंत शुरू कर दिए जाएंगे। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बताया कि उन्होंने 19 मई को ईरान पर एक बड़ा हमला करने की योजना बनाई थी, लेकिन कतर, सऊदी अरब और UAE के अनुरोध के बाद उसे रोक दिया। ट्रंप ने बातचीत के लिए सिर्फ दो से तीन दिनों का सीमित समय दिया है। इसके साथ ही, अमेरिका ने 20 मई 2026 को ईरान की 50 से ज्यादा कंपनियों और जहाजों पर नए कड़े प्रतिबंध लगाए हैं ताकि तेहरान की कमाई को रोका जा सके।
ईरान ने शांति के लिए क्या शर्तें रखी हैं?
ईरान के डिप्टी फॉरेन मिनिस्टर काज़ेम ग़रीबबादी ने अपने शांति प्रस्ताव की जानकारी साझा की है। ईरान की मुख्य मांगें इस प्रकार हैं:
- लेबनान समेत सभी मोर्चों पर युद्ध और दुश्मनी तुरंत बंद हो।
- क्षेत्र से अमेरिकी सेना की पूरी तरह वापसी हो।
- युद्ध से हुए नुकसान के लिए मुआवजा दिया जाए।
- ईरान पर लगे सभी प्रतिबंध हटाए जाएं और फ्रीज किए गए फंड वापस मिले।
- समुद्री नाकाबंदी को खत्म किया जाए।
पाकिस्तान इस पूरी बातचीत में मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है। हालांकि, अमेरिकी अधिकारियों का मानना है कि ईरान का नया प्रस्ताव नाकाफी है क्योंकि ईरान अपने परमाणु कार्यक्रम पर कोई बड़ी रियायत देने को तैयार नहीं है।
UAE और गल्फ देशों पर क्या असर पड़ रहा है?
गल्फ देश इस समय बहुत सावधानी बरत रहे हैं क्योंकि इस क्षेत्र में युद्ध छिड़ने से आम लोगों और व्यापार पर बुरा असर पड़ेगा। 19 मई को UAE ने एक बड़ा खुलासा किया कि 17 मई को उनके बराका न्यूक्लियर पावर प्लांट पर ड्रोन हमला हुआ था, जो इराक की जमीन से लॉन्च किए गए थे। गल्फ देशों ने अमेरिका से अपील की है कि वह सैन्य कार्रवाई के बजाय बातचीत का रास्ता अपनाए ताकि प्रवासियों और अंतरराष्ट्रीय व्यापार की सुरक्षा बनी रहे।
Frequently Asked Questions (FAQs)
अमेरिका ने ईरान पर नए प्रतिबंध क्यों लगाए?
अमेरिका ने 20 मई 2026 को अपने ‘इकोनॉमिक फ्यूरी’ अभियान के तहत ईरान की 50 से ज्यादा कंपनियों और जहाजों पर प्रतिबंध लगाए हैं ताकि तेहरान के राजस्व स्रोतों को खत्म किया जा सके।
ईरान की शांति प्रस्ताव में मुख्य मांगें क्या हैं?
ईरान ने सभी मोर्चों पर युद्ध बंद करने, अमेरिकी सेना की वापसी, प्रतिबंध हटाने, फ्रीज फंड वापस लेने और युद्ध के नुकसान के लिए मुआवजे की मांग की है।
