Iran-US Talks: अमेरिका और ईरान के बीच फिर होगी बातचीत, ट्रम्प भेज रहे हैं प्रतिनिधि पाकिस्तान, नहीं मानी बात तो होगा बड़ा हमला
अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के बीच एक बार फिर बातचीत की कोशिश हो रही है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ऐलान किया है कि उनके प्रतिनिधि सोमवार शाम को पाकिस्तान के इस्लामाबाद पहुंचेंगे। यहां मंगलवार और बुधवार को ईरान के साथ अहम बैठकें होंगी ताकि मौजूदा विवाद को सुलझाया जा सके।
अमेरिका और ईरान की इस बैठक में क्या होगा?
इस बैठक का मकसद ईरान के साथ एक नया समझौता करना है। डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा है कि वह एक उचित डील की पेशकश कर रहे हैं। लेकिन उन्होंने यह चेतावनी भी दी है कि अगर ईरान ने इसे नहीं माना, तो अमेरिका ईरान के सभी पावर प्लांट और पुलों को तबाह कर देगा। ट्रंप ने ईरान पर युद्धविराम के नियमों को तोड़ने का आरोप भी लगाया है।
बातचीत से जुड़ी जरूरी जानकारियां
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| पहुंचने का समय | सोमवार शाम, 20 अप्रैल 2026 |
| बैठक की तारीख | मंगलवार और बुधवार |
| अमेरिकी प्रतिनिधि | स्टीव विटकॉफ और जेरेड कुशनर |
| युद्धविराम की समय सीमा | 22 अप्रैल 2026 |
| मध्यस्थ देश | पाकिस्तान |
| ईरान का रुख | शांति की इच्छा लेकिन अमेरिका पर अविश्वास |
| सुरक्षा व्यवस्था | इस्लामाबाद में सुरक्षा बढ़ा दी गई है |
ईरान और पाकिस्तान की क्या तैयारी है?
ईरानी टीम का नेतृत्व मोहम्मद बागेर गालिबाफ कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि वह स्थायी शांति चाहते हैं लेकिन अमेरिका पर उन्हें भरोसा नहीं है। उन्होंने धमकी दी है कि अगर अमेरिकी नौसेना की नाकेबंदी जारी रही, तो ईरान स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में जहाजों का रास्ता रोक देगा। इस पूरी प्रक्रिया में पाकिस्तान बीच-बचाव कर रहा है और पाकिस्तानी सेना प्रमुख आसिम मुनीर ने इस सिलसिले में ईरान का दौरा भी किया था।