अमेरिका और ईरान के बीच लंबे समय से चली आ रही तनातनी के बीच एक बड़ी खबर आ रही है। अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने बड़ा दावा करते हुए कहा है कि अमेरिका और ईरान के बीच परमाणु कार्यक्रम को लेकर एक दीर्घकालिक समझौता बहुत जल्द होने वाला है। उन्होंने साफ किया कि यह समझौता नवंबर में होने वाले अमेरिकी मध्यावधि चुनावों से पहले हर हाल में पूरा कर लिया जाएगा। हालांकि, ईरान की तरफ से इस मामले पर थोड़ा अलग और संभलकर बयान आया है।

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अमेरिकी सरकार ने समझौते को लेकर क्या बड़ा दावा किया है?

अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने 9 जून 2026 को बताया कि अमेरिका ईरान के परमाणु कार्यक्रम को हमेशा के लिए रोकने के लिए एक बड़े समझौते के बेहद करीब है। उन्होंने कहा कि यह डील अगले हफ्ते भी हो सकती है या इसमें कुछ महीने भी लग सकते हैं, लेकिन यह नवंबर चुनाव से पहले निश्चित रूप से पूरी हो जाएगी। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी कहा कि यह समझौता अंतिम चरण में है और केवल दो या तीन दिनों की दूरी पर हो सकता है। अमेरिका का मुख्य उद्देश्य ईरान को परमाणु हथियार बनाने से रोकना है, भले ही इस मुद्दे पर इसराइल के साथ उसके विचार अलग हों।

ईरान और इसराइल का इस डील पर क्या रुख है?

जहां अमेरिका इस समझौते को लेकर बहुत उत्साहित है, वहीं ईरान के अधिकारियों ने इस पर सावधानी भरा रुख अपनाया है। ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने कहा कि बातचीत में प्रगति तो हुई है लेकिन समझौता तुरंत होने की उम्मीद अभी नहीं की जा सकती। ईरान का मुख्य ध्यान फिलहाल युद्ध को समाप्त करने पर है। दूसरी तरफ, विशेषज्ञों का मानना है कि अगर अमेरिका और तेहरान के बीच यह डील फाइनल होती है, तो इससे अमेरिका और इसराइल के बीच तनाव बढ़ सकता है क्योंकि इसराइल इस समझौते के पक्ष में नहीं है। हाल ही में इसराइल और ईरान के बीच हुए मिसाइल हमलों के कारण भी वार्ता में कुछ मुश्किलें आई हैं।

Frequently Asked Questions (FAQs)

अमेरिका और ईरान के बीच इस समझौते का मुख्य उद्देश्य क्या है?

इस समझौते का मुख्य उद्देश्य ईरान को लंबे समय तक परमाणु हथियार बनाने से रोकना है। अमेरिका इसके लिए एक कड़ा निरीक्षण सिस्टम लागू करना चाहता है ताकि ईरान शर्तों का उल्लंघन न कर सके।

समझौते को लेकर ईरान की क्या शर्तें हैं?

ईरान चाहता है कि उसे यूरेनियम समृद्ध करने का अधिकार मिले, प्रतिबंधों से राहत मिले ताकि उसकी अर्थव्यवस्था को फायदा हो, और भविष्य में किसी भी सैन्य टकराव से बचने की पुख्ता गारंटी मिले।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com