अमेरिका और ईरान के बीच परमाणु समझौते को लेकर चल रही बातचीत अब एक मुश्किल मोड़ पर पहुँच गई है। ईरानी मीडिया के मुताबिक, अमेरिका ने कुछ ऐसी शर्तें रखी हैं जिन्हें मानना ईरान के लिए बहुत कठिन है। इसमें मुख्य रूप से यूरेनियम के स्टॉक को सौंपने और किसी भी तरह के मुआवजे को न देने की बात कही गई है।

अमेरिका ने ईरान के सामने क्या शर्तें रखी हैं?

ताजा जानकारी के अनुसार, अमेरिका ने ईरान से साफ़ कह दिया है कि वह युद्ध के नुकसान के लिए कोई मुआवजा नहीं देगा। इसके साथ ही अमेरिका ने ईरान पर दबाव बनाया है कि वह अपना उच्च समृद्ध यूरेनियम (Highly Enriched Uranium) का स्टॉक सौंप दे। कुछ रिपोर्ट्स में बताया गया है कि अमेरिका करीब 400 किलोग्राम यूरेनियम की मांग कर रहा है। अमेरिका चाहता है कि ईरान के केवल एक परमाणु केंद्र को ही चालू रखा जाए और यूरेनियम संवर्धन पर 20 साल तक रोक लगाई जाए।

ईरान का क्या स्टैंड है और उसने क्या मांगें रखी हैं?

ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने नई दिल्ली में कहा कि वॉशिंगटन के साथ बातचीत लगभग बंद होने की कगार पर है। ईरान ने यूरेनियम को देश से बाहर भेजने से मना कर दिया है, हालांकि वह IAEA की निगरानी में इसे 3.7% और 20% तक कम करने को तैयार था। ईरान की अपनी कुछ शर्तें भी हैं, जैसे कि युद्ध का अंत हो, सभी प्रतिबंध हटाए जाएं, जमा की गई ईरानी संपत्ति वापस मिले और होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) पर ईरान की संप्रभुता को मान्यता दी जाए।

डोनाल्ड ट्रंप का रुख और वर्तमान स्थिति क्या है?

अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने संकेत दिया कि वह यूरेनियम संवर्धन पर 20 साल की रोक मान सकते हैं, लेकिन इसके लिए ईरान को एक असली गारंटी देनी होगी। ट्रंप ने इस बात पर नाराजगी जताई कि ईरान अपने 440 किलोग्राम भूमिगत यूरेनियम स्टॉक को हटाने में असमर्थ होने का दावा कर रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि अमेरिकी नौसेना द्वारा की गई नाकेबंदी ईरान पर दबाव बना रही है और वह चाहते हैं कि होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोला जाए।

Frequently Asked Questions (FAQs)

अमेरिका ने ईरान से यूरेनियम के संबंध में क्या मांग की है?

अमेरिका ने ईरान से उसके उच्च समृद्ध यूरेनियम के स्टॉक को सौंपने की मांग की है, जो रिपोर्ट्स के मुताबिक लगभग 400 किलोग्राम है, और यूरेनियम संवर्धन पर 20 साल की रोक लगाने को कहा है।

ईरान ने अमेरिकी प्रस्ताव को क्यों ठुकराया?

ईरान ने अपने यूरेनियम को देश से बाहर भेजने और परमाणु केंद्रों को खत्म करने की शर्त को खारिज कर दिया है। ईरान चाहता है कि पहले प्रतिबंध हटाए जाएं और उसकी जमी हुई संपत्ति वापस मिले।