पश्चिम एशिया में लंबे समय से चल रही तनाव वाली स्थिति अब खत्म हो सकती है। अमेरिका और ईरान के बीच एक बड़ा समझौता होने की खबर है, जिस पर स्विट्जरलैंड के जिनेवा में साइन हो सकते हैं। इस डील से न सिर्फ युद्ध रुकेगा, बल्कि व्यापार के रास्ते भी खुलेंगे, जिसका असर पूरी दुनिया पर पड़ेगा।

समझौते में क्या-क्या शामिल है

रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस समझौते में कई अहम बातें शामिल हैं। इसमें सभी मोर्चों पर 60 दिनों के लिए युद्धविराम (ceasefire) बढ़ाने की बात कही गई है। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (Strait of Hormuz) को फिर से खोला जाएगा ताकि समुद्री व्यापार पहले की तरह बिना किसी टोल के चालू हो सके। इसके अलावा, ईरान के परमाणु कार्यक्रम को लेकर एक नया ढांचा तैयार किया जाएगा, जिसमें ईरान परमाणु हथियार हासिल न करने की प्रतिबद्धता जताएगा और यूरेनियम के भंडार को कम करेगा।

अमेरिका और ईरान के अधिकारियों का क्या कहना है

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 11 जून 2026 को ऐलान किया कि ईरान के साथ युद्ध को खत्म करने के लिए एक शानदार समझौता हो गया है। उन्होंने संकेत दिया कि इस पर अगले कुछ दिनों में या इसी वीकेंड पर यूरोप में साइन हो सकते हैं। दूसरी तरफ, ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बगाइ ने इन खबरों को फिलहाल केवल अटकलें बताया है। हालांकि, उन्होंने यह भी माना कि समझौते का टेक्स्ट अपने मुख्य हिस्सों में लगभग तैयार है, लेकिन अंतिम फैसला ईरान के संबंधित अधिकारियों और सर्वोच्च नेता मोजतबा खामेनेई की मंजूरी के बाद ही होगा।

आर्थिक राहत और पाबंदियां

इस प्रस्तावित डील में आर्थिक मोर्चे पर भी बड़ी राहत की बात है। अमेरिका ईरान के बंदरगाहों की नाकाबंदी हटाएगा और 60 दिनों के लिए तेल निर्यात पर लगी पाबंदियों में ढील देगा। साथ ही, ईरान की जमी हुई संपत्तियों को वापस करने पर चर्चा चल रही है, जिसकी रकम 12 अरब डॉलर से 24 अरब डॉलर के बीच बताई जा रही है।

मध्यस्थता और अन्य देशों की भूमिका

इस समझौते को सफल बनाने में कतर और पाकिस्तान ने अहम भूमिका निभाई है, इसी वजह से इसे ‘इस्लामाबाद समझौता’ या ‘इस्लामाबाद घोषणापत्र’ के नाम से भी पुकारा जा रहा है। राष्ट्रपति ट्रंप ने सऊदी अरब, यूएई, तुर्की, बहरीन, कुवैत, जॉर्डन और मिस्र जैसे देशों के साथ चर्चा का भी जिक्र किया। यह समझौता 14 जून को जिनेवा में या फिर फ्रांस के एवियन में होने वाले G7 शिखर सम्मेलन के दौरान साइन हो सकता है।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.