अमेरिका और ईरान के बीच इस्लामाबाद में हुई हाई-लेवल बातचीत बिना किसी समझौते के खत्म हो गई है. पाकिस्तान ने इन दोनों देशों को एक मेज पर लाने की कोशिश की थी ताकि क्षेत्र में शांति बनी रहे. अब पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ अन्य देशों के साथ मिलकर इन मतभेदों को दूर करने में जुटे हैं ताकि युद्ध जैसी स्थिति न बने.

ℹ️: ईरान का बड़ा फैसला, महिला फुटबॉल कप्तान Zahra Ghanbari की संपत्ति वापस की, पहले लगाया था गद्दार का ठप्पा

बातचीत क्यों रही नाकाम और क्या थे मुख्य विवाद?

अमेरिका और ईरान के बीच कई अहम मुद्दों पर सहमति नहीं बन पाई. अमेरिका के उपराष्ट्रपति J.D. Vance ने साफ किया कि ईरान ने उनकी शर्तें स्वीकार नहीं कीं. अमेरिका की मुख्य शर्त यह थी कि ईरान परमाणु हथियार बनाने की कोशिश नहीं करेगा. वहीं ईरान के संसदीय स्पीकर मोहम्मद बागर गालिबाफ ने कहा कि अमेरिका पर भरोसा नहीं किया जा सकता क्योंकि उसने पहले भी कई वादे तोड़े हैं. इनके अलावा स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज का नियंत्रण और प्रतिबंधों को हटाने जैसे मुद्दों पर भी दोनों देशों में मतभेद रहे.

अब पाकिस्तान और अन्य देश क्या कदम उठाएंगे?

पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने जापान के प्रधानमंत्री सनाए ताकाइची से फोन पर बात की और मध्यस्थता जारी रखने का भरोसा दिया. पाकिस्तान के साथ अब मिस्र और तुर्की के मध्यस्थ भी अमेरिका और ईरान के बीच की दूरियों को कम करने की कोशिश करेंगे. यह सारी कवायद 21 अप्रैल तक पूरी करनी होगी क्योंकि इसी दिन सीजफायर की समय सीमा खत्म हो रही है. पाकिस्तान के विदेश मंत्री इशाक डार ने भी दोनों देशों से सीजफायर का सम्मान करने की अपील की है.

इस पूरी प्रक्रिया में किन लोगों की भूमिका रही?

इस बातचीत के आयोजन में पाकिस्तान ने मुख्य मध्यस्थ की भूमिका निभाई. इसमें शामिल मुख्य लोग इस प्रकार थे:

  • पाकिस्तान: प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ, विदेश मंत्री इशाक डार और सेना प्रमुख असीम मुनीर.
  • अमेरिका: उपराष्ट्रपति J.D. Vance और विशेष दूत स्टीव विटकॉफ और जेरेड कुशनर.
  • ईरान: संसदीय स्पीकर मोहम्मद बागर गालिबाफ और विदेश मंत्री अब्बास अराघची.
Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com