ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अरगची ने खुलासा किया है कि अमेरिका एक बार फिर बातचीत के लिए तैयार है। यह खबर तब आई है जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के प्रस्तावों को सार्वजनिक तौर पर कचरा बताया था। अरगची ने यह जानकारी नई दिल्ली में ब्रिक्स (BRICS) बैठक के दौरान पत्रकारों को दी।
क्या अमेरिका और ईरान के बीच फिर शुरू होगी बातचीत?
विदेश मंत्री अब्बास अरगची ने बताया कि उन्हें अमेरिकियों से फिर से मैसेज मिले हैं और वे बातचीत और आपसी संपर्क जारी रखना चाहते हैं। हालांकि, ईरान ने साफ कहा है कि उन्हें अमेरिका पर कोई भरोसा नहीं है। ईरान का आरोप है कि वॉशिंगटन तभी कूटनीति का रास्ता अपनाता है जब 40 दिनों के युद्ध और सैन्य दबाव के बाद भी उसके मकसद पूरे नहीं होते।
ट्रंप के बयान और मौजूदा हालात क्या हैं?
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कुछ दिन पहले ईरान के प्रस्तावों को पूरी तरह खारिज कर दिया था और उन्हें कचरा कहा था। अरगची ने स्पष्ट किया कि ट्रंप का यह ट्वीट कुछ दिन पहले का था। अभी मिडिल ईस्ट युद्ध के बीच एक युद्धविराम लागू है, जिसे अरगची ने बहुत कमजोर बताया। ईरान इस युद्धविराम को बचाने की कोशिश कर रहा है ताकि बातचीत के लिए जगह बनी रहे। इस बीच, चीन ने भी इस संघर्ष को खत्म करने में मदद करने की बात कही है और ईरान इसके लिए तैयार है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
ईरान के विदेश मंत्री ने यह जानकारी कहाँ दी?
अब्बास अरगची ने यह बयान नई दिल्ली, भारत में दिया जहाँ वे ब्रिक्स (BRICS) विदेश मंत्रियों की बैठक में शामिल हुए थे।
ईरान का अमेरिका पर भरोसा क्यों नहीं है?
ईरान का मानना है कि अमेरिका केवल तभी बातचीत करता है जब उसका सैन्य दबाव और हमला विफल हो जाता है।
