US-Iran Talks: पाकिस्तान में फिर होगी अमेरिका और ईरान की बैठक, सुरक्षा के कड़े इंतजाम, ट्रंप ने जताई उम्मीद
अमेरिका और ईरान के बीच तनाव कम करने के लिए पाकिस्तान एक बार फिर बड़ी भूमिका निभा रहा है. इस्लामाबाद में इन दोनों देशों के बीच बातचीत का दूसरा दौर होने वाला है. इस बैठक के लिए पाकिस्तान ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं और दुनिया के बड़े नेताओं से संपर्क साधा है ताकि क्षेत्र में शांति बनी रहे.
इस्लामाबाद में बैठक की क्या है तैयारी और क्या हुआ था पहले?
अमेरिका और ईरान की पहली बैठक 12 अप्रैल 2026 को इस्लामाबाद में हुई थी, लेकिन उस समय कोई अंतिम समझौता नहीं हो पाया था. अब अगले हफ्ते दूसरे दौर की बातचीत होने की उम्मीद है. पाकिस्तान के प्रधानमंत्री Shehbaz Sharif और सेना प्रमुख Field Marshal Asim Munir ने इस सिलसिले में सऊदी अरब, कतर और तुर्की जैसे देशों के साथ चर्चा की है. बातचीत के माहौल को सुरक्षित बनाने के लिए इस्लामाबाद और Rawalpindi में हजारों पुलिस और अर्धसैनिक बलों को तैनात किया गया है.
अमेरिका और ईरान का इस बातचीत पर क्या कहना है?
अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने उम्मीद जताई है कि विवाद जल्द खत्म हो जाएगा और अगर समझौता फाइनल होता है, तो वह खुद पाकिस्तान का दौरा कर सकते हैं. वहीं, ईरान के विदेश मंत्रालय ने पुष्टि की है कि वे पाकिस्तान के जरिए अमेरिका से संपर्क में हैं और पाकिस्तान पर भरोसा करते हैं. हालांकि, अमेरिका ने साफ कर दिया है कि जब तक पूरा समझौता नहीं हो जाता, तब तक ईरानी जहाजों और बंदरगाहों की नाकाबंदी जारी रहेगी.
बातचीत और मौजूदा हालात की मुख्य जानकारी
| विषय | विवरण |
|---|---|
| बातचीत का स्थान | इस्लामाबाद, पाकिस्तान |
| मध्यस्थ (Mediators) | PM Shehbaz Sharif और Field Marshal Asim Munir |
| पहली बैठक की तारीख | 12 अप्रैल 2026 |
| वर्तमान स्थिति | दो हफ्ते का अस्थायी युद्धविराम लागू है |
| Strait of Hormuz | ईरान ने 17 अप्रैल को इसे कमर्शियल जहाजों के लिए खोला |
| अमेरिका का रुख | नाकाबंदी जारी रहेगी, लेकिन समझौते की उम्मीद है |
| सुरक्षा इंतजाम | हजारों पुलिस और सुरक्षाकर्मी तैनात किए गए |