अमेरिका और ईरान के बीच लड़ाई तेज़ हो गई है जिससे दुनिया भर में कच्चे तेल की कीमतें बढ़ गई हैं। Strait of Hormuz में जहाजों की आवाजाही कम होने से तेल की सप्लाई पर खतरा मंडरा रहा है। इस तनाव की वजह से ग्लोबल मार्केट में काफी हलचल देखी जा रही है।

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इस विवाद की शुरुआत तब हुई जब अमेरिका ने बुधवार रात ईरान पर हमले किए। इसके जवाब में ईरान ने Kuwait, Bahrain और Qatar में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया। ईरान के अपने तटीय इलाकों और पूर्वी प्रांतों में भी धमाकों की खबर आई है, जिसमें Bushehr परमाणु संयंत्र के पास भी विस्फोट हुए।

इस सैन्य टकराव का सबसे बड़ा असर Strait of Hormuz पर पड़ा है। दुनिया की करीब 20% तेल और गैस की सप्लाई इसी रास्ते से होती है, लेकिन फिलहाल यहाँ जहाजों का आना-जाना लगभग बंद हो गया है। अमेरिका ने ईरान के तेल की बिक्री पर फिर से पाबंदी लगा दी है और 7 जुलाई से नए सौदों पर रोक लगा दी है।

बाजार के आंकड़ों और रिपोर्ट की जानकारी नीचे दी गई तालिका में है:

विवरण आंकड़ा/जानकारी
Brent Crude की कीमत $76.59 प्रति बैरल
कीमत में बढ़ोतरी 29 सेंट (0.38%)
Strait of Hormuz की हिस्सेदारी दुनिया की 20% सप्लाई
तेल निर्यात का स्तर (Goldman Sachs) सामान्य स्तर का 71%
संभावित कीमत $78 से $80 प्रति बैरल
अमेरिकी प्रतिबंध लागू तारीख 7 जुलाई

International Energy Agency (IEA) ने चेतावनी दी है कि इस लड़ाई से अगले साल तेल की सप्लाई और मांग का संतुलन बिगड़ सकता है। वहीं दूसरी ओर, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि उन्हें पूरी जंग की उम्मीद नहीं है और ईरान बातचीत के लिए तैयार दिख रहा है। मामले को शांत करने के लिए Qatar के वार्ताकार भी ईरान में मौजूद हैं।

Praggya Singh sabal

Journalist from Noida. Covering Delhi, NCR and National Updates.