अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे युद्ध को खत्म करने के लिए मिस्र ने दोनों देशों से अपील की है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर होने वाले सैन्य हमलों को रद्द कर दिया है, जिससे अब शांति की उम्मीद जगी है। दुनिया भर के लोग इस बात का इंतजार कर रहे हैं कि क्या वाकई यह युद्ध अब पूरी तरह खत्म हो गया है।
📰: फिलीपींस में आए शक्तिशाली भूकंप से भारी तबाही, 55 लोगों की जान गई और 38 अब भी लापता।
मिस्र की अपील और कोशिशें
मिस्र के विदेश मंत्रालय ने राष्ट्रपति ट्रंप द्वारा हमलों को रद्द करने के फैसले का स्वागत किया है। मिस्र ने दोनों देशों से आग्रह किया है कि वे इस मौके का फायदा उठाएं और एक पक्का शांति समझौता करें। मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सिसी ने ट्रंप से सीधे तौर पर कहा कि केवल वे ही इस युद्ध को रोक सकते हैं। वहीं विदेश मंत्री बदर अब्देलतटी ने बताया कि मिस्र तनाव कम करने और बातचीत शुरू करने के लिए पूरी गंभीरता से काम कर रहा है।
अमेरिका का दावा और ट्रंप का फैसला
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान के साथ एक बड़ा समझौता हो गया है और युद्ध अब खत्म हो चुका है। ट्रंप के मुताबिक ईरान ने अब कभी परमाणु हथियार विकसित न करने पर सहमति जताई है। उन्होंने संकेत दिया कि इस समझौते पर इस वीकेंड यूरोप में दस्तखत हो सकते हैं और इसमें उपराष्ट्रपति जेडी वेंस भी शामिल हो सकते हैं। हालांकि, अमेरिकी अधिकारियों ने बताया कि बातचीत के बीच ही अमेरिकी सेना ने हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य में ईरान के दो ड्रोन गिराए हैं और नेवल ब्लॉकेड अभी भी लागू है।
ईरान का रुख और मौजूदा हालात
ईरान ने इस खबर पर सावधानी भरा रुख अपनाया है। ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बाकयी ने कहा कि अभी तक कोई अंतिम फैसला नहीं हुआ है। उन्होंने साफ किया कि बातचीत के दौरान ईरान अपनी बुनियादी शर्तों से समझौता नहीं करेगा। खबर है कि समझौते के फाइनल ड्राफ्ट पर सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मंजूरी मिलना बाकी है, जिसके बिना कोई भी फैसला अंतिम नहीं माना जाएगा।
इसराइल और अन्य देशों की प्रतिक्रिया
इसराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के ऑफिस ने ट्रंप के उन वादों का स्वागत किया है जिनमें ईरान के परमाणु सामान को हटाने और आतंकी समूहों की मदद बंद करने की बात कही गई है। इस पूरी प्रक्रिया में कतर और पाकिस्तान जैसे देश भी मध्यस्थ की भूमिका निभा रहे हैं ताकि क्षेत्र में स्थिरता वापस आ सके।
