US-Iran War Impact: ईरान युद्ध से भारत में मची तबाही, 25 लाख लोग गरीबी की ओर, रसोई गैस और खाने के दाम हुए दोगुना
अमेरिका और इसराइल के ईरान के खिलाफ युद्ध का असर अब आम भारतीयों की जेब पर पड़ रहा है। अल जजीरा की रिपोर्ट के मुताबिक, इस लड़ाई की वजह से भारत में करीब 25 लाख लोग गरीबी रेखा के नीचे जा सकते हैं। खाने-पीने की चीजों और ईंधन के दाम दोगुने होने से आम आदमी की मुश्किलें बढ़ गई हैं, जिसका सीधा असर मिडिल क्लास और गरीबों पर दिख रहा है।
भारत की अर्थव्यवस्था और महंगाई पर क्या असर हुआ?
RBI गवर्नर संजय मल्होत्रा ने युद्ध के कारण भारत के लिए पांच बड़े आर्थिक खतरों की चेतावनी दी थी। उन्होंने बताया कि तेल की बढ़ती कीमतों और घरेलू उत्पादन में रुकावट से देश की आर्थिक स्थिति बिगड़ सकती है। मुख्य आर्थिक सलाहकार V. Anantha Nageswaran ने भी माना कि व्यापार घाटा बढ़ने से देश के खजाने पर दबाव बढ़ा है।
| विवरण (Details) | आंकड़े / स्थिति |
|---|---|
| रिटेल महंगाई (CPI) मार्च 2026 | 3.4% |
| रिटेल महंगाई (CPI) फरवरी 2026 | 3.21% |
| खाद्य महंगाई (Food Inflation) | 3.87% |
| थोक मूल्य सूचकांक (WPI) मार्च 2026 | 3.88% |
| क्रूड पेट्रोलियम दाम | भारी बढ़ोतरी |
| प्राकृतिक गैस (Natural Gas) दाम | बढ़ोतरी |
| खनिज तेल (Mineral Oil) दाम | बढ़ोतरी |
गैस की किल्लत और फैक्ट्री वर्कर्स के हंगामे का क्या सच है?
युद्ध का सबसे बुरा असर भारत में LPG (रसोई गैस) की सप्लाई पर पड़ा है। गैस सिलेंडर महंगे होने की वजह से आम लोगों के लिए खाना बनाना मुश्किल हो गया है और होटल-ढाबों में खाने की कीमतें बढ़ गई हैं। इसी वजह से NCR और नोएडा के औद्योगिक इलाकों में 10 अप्रैल से फैक्ट्री वर्कर्स की बड़ी संख्या में स्ट्राइक चल रही है। 13 अप्रैल को नोएडा में प्रदर्शन हिंसक हो गया, जहां गाड़ियां जलाई गईं और पथराव हुआ, जिसके बाद पुलिस ने कई लोगों को गिरफ्तार किया।
अमेरिका-ईरान युद्ध और सीजफायर का ताजा अपडेट क्या है?
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने 21 अप्रैल 2026 को ईरान के साथ सीजफायर (युद्धविराम) को अनिश्चित काल के लिए बढ़ा दिया। यह फैसला पाकिस्तान की रिक्वेस्ट पर लिया गया ताकि शांति वार्ता के लिए ईरान एक प्रस्ताव दे सके। हालांकि, ईरान ने इसे स्वीकार नहीं किया है और अमेरिकी नाकाबंदी को युद्ध की कार्रवाई बताया है। 22 अप्रैल को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में ईरानी गनबोट ने एक कंटेनर जहाज पर हमला किया, जिससे तनाव और बढ़ गया है।