ईरान पर अमेरिका और इजरायल का संयुक्त सैन्य अभियान लगातार 18वें दिन भी जारी है। 28 फरवरी 2026 को शुरू हुए इस हमले के बाद से ईरान, इजरायल और मध्य पूर्व के कई देशों में लगातार धमाकों की आवाजें सुनी जा रही हैं। अल जज़ीरा की रिपोर्ट के अनुसार, इस पूरे संघर्ष में अब तक भारी जान-माल का नुकसान हुआ है। सैन्य अभियानों में ईरान के कई अहम ठिकानों को निशाना बनाया गया है।

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हमले में अब तक कितनी जानें गईं?

इस सैन्य अभियान में ईरान के साथ-साथ कई अन्य देशों में भी लोगों की जान गई है। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार मरने वालों की संख्या कुछ इस प्रकार है:

देश मौतों की संख्या
ईरान 1270
लेबनान 486
इराक 15 से अधिक
इजरायल 14
अमेरिका 7 सैनिक
UAE 6
सीरिया 4
सऊदी अरब, बहरीन, कुवैत प्रत्येक में 2
ओमान 1

अमेरिका और इजरायल का मिलिट्री ऑपरेशन कैसा है?

अमेरिकी सेना के अनुसार उन्होंने ईरान के ऊपर हवाई क्षेत्र पर अपना नियंत्रण बना लिया है। इजरायल की सेना ने 28 फरवरी से अब तक ईरान के 200 से अधिक एयर डिफेंस सिस्टम को तबाह कर दिया है। यह हमले ईरान के 31 में से 26 प्रांतों में किए गए हैं, जिनमें राजधानी तेहरान को मुख्य रूप से निशाना बनाया गया है।

इसके अलावा 2 मार्च को ईरान के इस्फहान प्रांत में मौजूद नतान्ज़ न्यूक्लियर फैसिलिटी पर भी स्ट्राइक की गई। इस हमले में न्यूक्लियर साइट की कम से कम तीन इमारतों को भारी नुकसान पहुंचा है। एक अन्य घटना में अमेरिकी पनडुब्बी ने श्रीलंका के तट के पास ईरान के एक युद्धपोत को डुबो दिया, जिसमें 104 ईरानी सैनिकों की जान चली गई।

ईरान ने जवाबी कार्रवाई में क्या किया?

ईरान भी लगातार इन हमलों का जवाब दे रहा है। 28 फरवरी से 4 मार्च के बीच ईरान ने इजरायल पर 90 से अधिक बार स्ट्राइक करने की कोशिश की। इनमें से लगभग 20 मिसाइलें इजरायल के रिहायशी इलाकों में गिरीं।

इजरायल में मारे गए 14 लोगों में से 9 नागरिकों की मौत ईरान के इन्ही मिसाइल हमलों के कारण हुई है। ईरान ने 1 और 2 मार्च को भी कई मिसाइल बैराज दागे हैं। दोनों तरफ से अभी तक हमले जारी हैं और मध्य पूर्व के कई देशों में इसका असर साफ देखा जा रहा है।