अमेरिका और इसराइल के बीच चल रही जंग का असर अब हजारों किलोमीटर दूर सोमालिया में दिखने लगा है. संयुक्त राष्ट्र के राहत समन्वयक Tom Fletcher ने बताया कि Mogadishu के लोग इस संघर्ष की वजह से बहुत ज्यादा परेशान हैं. इस युद्ध ने दुनिया भर में महंगाई बढ़ा दी है जिससे गरीब देशों में भुखमरी की स्थिति पैदा हो गई है.
सोमालिया में बच्चों की हालत क्यों बिगड़ रही है?
Middle East में चल रहे युद्ध की वजह से समुद्र के रास्ते सामान आने-जाने में दिक्कत आ रही है. World Food Programme (WFP) ने बताया कि इससे सोमालिया में ईंधन, भोजन और खाद की कीमतें बढ़ गई हैं. Mogadishu और Baidoa के क्लीनिकों में पोषण वाले भोजन की कमी हो गई है, जिसके कारण कई बीमार बच्चों को इलाज के बिना लौटाना पड़ रहा है. सूखे की वजह से पहले ही 5 लाख से ज्यादा लोग बेघर हो चुके हैं और सहायता राशि में भी भारी कमी आई है.
दुनिया भर में इस युद्ध का क्या असर पड़ रहा है?
UN अधिकारी Tom Fletcher ने बताया कि इस युद्ध की कीमत हर दिन 1 अरब डॉलर तक पहुंच रही है. उन्होंने कहा कि 2026 के लिए 23 अरब डॉलर की मदद मांगी गई थी, लेकिन अब भी 14 अरब डॉलर की कमी है. Strait of Hormuz के बंद होने से पूरी दुनिया में ऊर्जा और अनाज के दाम बढ़ गए हैं, जिसका सबसे बुरा असर अफ्रीका के देशों पर पड़ रहा है. भारत की ओर से भी राजदूत Yojna Patel ने Strait of Hormuz में जहाजों पर होने वाले हमलों की निंदा की है क्योंकि यह भारत की ऊर्जा आपूर्ति के लिए बहुत जरूरी रास्ता है.
अमेरिका और ईरान के बीच क्या चल रहा है?
अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने चेतावनी दी कि अगर ईरान के पास परमाणु हथियार आए तो पूरी दुनिया खतरे में पड़ जाएगी. अमेरिका ने हाल ही में ईरान के बैंकिंग नेटवर्क से जुड़े 35 लोगों और संस्थाओं पर प्रतिबंध लगाए हैं. दूसरी तरफ, इसराइल ने Somaliland में अपना राजदूत नियुक्त किया है, जिसका सोमालिया और OIC ने कड़ा विरोध किया है. ईरान ने विवाद सुलझाने के लिए Strait of Hormuz को फिर से खोलने का प्रस्ताव दिया है, हालांकि वहां अभी भी तनाव बना हुआ है.
Frequently Asked Questions (FAQs)
सोमालिया में भुखमरी बढ़ने का मुख्य कारण क्या है?
मुख्य कारण Middle East युद्ध की वजह से शिपिंग में रुकावट आना और Strait of Hormuz का बंद होना है, जिससे भोजन, ईंधन और खाद के दाम बढ़ गए हैं.
UN ने मानवीय सहायता के लिए कितनी रकम मांगी थी?
2026 के लिए UN ने 87 मिलियन लोगों की मदद के लिए 23 अरब डॉलर की अपील की थी, लेकिन इसमें से 14 अरब डॉलर की राशि अभी भी जुटनी बाकी है.