अमेरिका और इसराइल के बीच जारी तनाव के कारण ईरान में आम जनजीवन के साथ-साथ वहां की सांस्कृतिक संपदा को भी भारी चोट पहुँची है। ताज़ा रिपोर्ट्स में बताया गया है कि हालिया हमलों में ईरान की 55 पब्लिक लाइब्रेरी को गंभीर नुकसान हुआ है। ईरानी मीडिया ने देश के पब्लिक लाइब्रेरी एसोसिएशन के प्रमुख के हवाले से यह जानकारी साझा की है। हमलों की गंभीरता का अंदाज़ा इस बात से लगाया जा सकता है कि दो लाइब्रेरी पूरी तरह ज़मींदोज़ हो गई हैं।

ईरान के ऐतिहासिक और सांस्कृतिक स्थलों पर हमलों का क्या असर पड़ा?

पिछले कुछ हफ़्तों से जारी इन हमलों में केवल सैन्य ठिकाने ही नहीं बल्कि सदियों पुराने स्मारक भी प्रभावित हुए हैं। ईरान के अलग-अलग विभागों ने नुकसान का जो ब्यौरा दिया है वह इस प्रकार है:

  • तेहरान के हेरिटेज कमेटी के मुताबिक अब तक 120 से ज़्यादा ऐतिहासिक स्थलों को नुकसान पहुँचा है।
  • यूनेस्को की विश्व धरोहरों में शामिल गुलिस्तान पैलेस और सादाबाद पैलेस जैसे महत्वपूर्ण स्थलों पर भी असर पड़ा है।
  • ईरान के सांस्कृतिक विरासत मंत्रालय ने 48 म्यूजियम और 6 ऐतिहासिक शहरी इलाकों में नुकसान की पुष्टि की है।
  • आम नागरिकों के पढ़ने और शोध के केंद्रों यानी लाइब्रेरी को निशाना बनाए जाने से लोगों में काफी रोष है।

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर क्या हो रही है चर्चा?

ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अरागची ने इन हमलों को अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया है। उन्होंने कहा कि नागरिक बुनियादी ढाँचों पर हमला करना ईरान की हिम्मत को कम नहीं करेगा। दूसरी तरफ, अमेरिका और इसराइल इन हमलों को अपनी सुरक्षा और सैन्य रणनीति का हिस्सा मान रहे हैं। खाड़ी देशों में रहने वाले प्रवासियों और भारतीयों के लिए भी यह स्थिति काफी तनावपूर्ण बनी हुई है, क्योंकि इस जंग का सीधा असर इस पूरे इलाके की स्थिरता और सुरक्षा पर पड़ रहा है।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.