अमेरिका, इसराइल और ईरान के बीच चल रही जंग का गहरा असर अब आम लोगों की जेब पर दिखने लगा है. श्रीलंका में ईंधन और बिजली की कीमतों में भारी उछाल आया है, जिससे वहां की अर्थव्यवस्था और भी कमज़ोर हो गई है. इस बीच, इसराइल ने ईरान के सबसे बड़े पेट्रोकेमिकल प्लांट पर हमला किया है, जिससे तेल और गैस की सप्लाई पर बुरा असर पड़ने का डर है. खाड़ी देशों में रहने वाले प्रवासियों के लिए भी यह चिंता की खबर है क्योंकि इस तनाव से पूरे क्षेत्र में महंगाई और अनिश्चितता बढ़ रही है.

श्रीलंका में महंगाई और तेल की नई कीमतें

श्रीलंका के राष्ट्रपति Anura Kumara Dissanayake ने युद्ध के कारण पैदा हुए ऊर्जा संकट को देखते हुए देश में फ्यूल राशनिंग लागू कर दी है. आम आदमी के लिए घर चलाना मुश्किल हो रहा है क्योंकि वहां कई बड़े बदलाव हुए हैं. वहां रह रहे लोगों और उनके बाहर रहने वाले रिश्तेदारों के लिए ये जानना जरूरी है कि हालात अभी तनावपूर्ण हैं.

  • तेल की कीमतों में करीब 33 प्रतिशत यानी एक तिहाई की बढ़ोतरी हुई है.
  • बिजली के दाम 40 प्रतिशत तक बढ़ा दिए गए हैं.
  • ईंधन लेने के लिए अब QR कोड आधारित राशनिंग सिस्टम का इस्तेमाल हो रहा है.
  • गैस (LPG) के दामों में भी भारी वृद्धि की गई है.

ईरान और इसराइल के बीच 6 अप्रैल को क्या हुआ?

जंग के मैदान से आ रही खबरें डराने वाली हैं क्योंकि दोनों देशों ने एक-दूसरे के अहम ठिकानों को निशाना बनाया है. इसराइली रक्षा मंत्री Israel Katz ने पुष्टि की है कि उन्होंने ईरान के South Pars नेचुरल गैस फील्ड में मौजूद बड़े प्लांट को तबाह कर दिया है. दूसरी तरफ, डोनल्ड ट्रंप ने ईरान को Strait of Hormuz खोलने के लिए 6 अप्रैल तक का समय दिया था, जिससे तनाव और बढ़ गया है.

स्थान घटना का विवरण
South Pars, ईरान इसराइल का बड़ा हमला, पेट्रोकेमिकल प्लांट को निशाना बनाया.
Haifa, इसराइल ईरानी मिसाइल हमले में 4 लोगों की जान गई.
Bushehr, ईरान परमाणु प्लांट के पास सैन्य हमलों की पुष्टि हुई.
Tehran, ईरान इसराइली हमले में 25 लोगों की मौत और सेना के खुफिया प्रमुख की मौत का दावा.

संयुक्त राष्ट्र के महासचिव António Guterres ने चेतावनी दी है कि यह विवाद एक बड़ी जंग का रूप ले सकता है. उन्होंने अमेरिका और इसराइल से हमले रोकने और ईरान से पड़ोसी देशों पर हमला बंद करने की अपील की है. पाकिस्तान इस मामले में मध्यस्थता करने की कोशिश कर रहा है और उसने दोनों देशों को शांति का प्रस्ताव भेजा है.

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.