अमेरिका और इजरायल के अधिकारी अब ईरान के Kharg Island को अपने कब्जे में लेने पर विचार कर रहे हैं। यह आइलैंड ईरान के कुल तेल निर्यात का लगभग 90% हिस्सा संभालता है। 8 मार्च को आई रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस कदम का मकसद ईरान की कमाई के मुख्य स्रोत को बंद करना है। इस खबर के बाद से दुनिया भर में तेल की कीमतों में तेजी देखी जा रही है और बाजार में अनिश्चितता का माहौल है।

कब्ज़े को लेकर अमेरिका की क्या तैयारी है?

व्हाइट हाउस के एडवाइजर Jarrod Agen ने साफ किया है कि अमेरिका इस तेल भंडार को अपने नियंत्रण में लेना चाहता है। उन्होंने इसकी तुलना वेनेजुएला में अमेरिकी हस्तक्षेप से की है। राष्ट्रपति Donald Trump ने भी संकेत दिया है कि अगर जरूरत पड़ी तो जमीनी सेना यानी ग्राउंड फोर्स का इस्तेमाल किया जा सकता है। यह कार्रवाई ‘Operation Epic Fury’ और इजरायल के ‘Operation Roaring Lion’ का हिस्सा मानी जा रही है। विदेश मंत्री Marco Rubio ने भी कहा है कि इस पर कड़े कदम उठाने पड़ेंगे ताकि ईरान की फंडिंग रोकी जा सके।

तेल की कीमतों पर पड़ा भारी असर

इस तनाव के कारण कच्चे तेल और गैस की कीमतों में अचानक उछाल आया है। विश्लेषकों का मानना है कि इससे हर दिन करीब 7 से 11 मिलियन बैरल तेल की सप्लाई प्रभावित हो सकती है। इसका सीधा असर आम आदमी की जेब और गल्फ में रहने वाले लोगों पर पड़ सकता है, क्योंकि इससे महंगाई बढ़ने का खतरा है।

Brent Crude 10% बढ़ा ($92.69 – $94.00 प्रति बैरल)
WTI Crude $90.90 प्रति बैरल तक पहुंचा
Gas Prices यूरोप में 45% की बढ़ोतरी

क्या कहता है अंतरराष्ट्रीय नियम?

इस तरह किसी दूसरे देश की जमीन पर कब्जा करना अंतरराष्ट्रीय कानूनों के तहत पेचीदा मामला है। UN Charter का आर्टिकल 2(4) जबरन किसी क्षेत्र को कब्जाने की मनाही करता है। हालांकि, अमेरिका PSI (Proliferation Security Initiative) के नियमों का सहारा लेकर तेल टैंकरों की जांच और रोक-थाम की बात कर रहा है। एक्सपर्ट्स का कहना है कि अगर अमेरिका Kharg Island पर कंट्रोल करता है तो उसे ‘Hague Regulations’ के तहत कई जिम्मेदारियां निभानी होंगी।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.