पश्चिमी इराक में अमेरिका का एक बड़ा मिलिट्री विमान KC-135 Stratotanker क्रैश हो गया है। इस दर्दनाक हादसे में 4 अमेरिकी क्रू मेंबर्स की मौत हो गई है और 2 लोग अभी भी लापता हैं। यह घटना 12 मार्च 2026 को Operation Epic Fury के दौरान हुई। इराक के इस्लामिक रेजिस्टेंस ग्रुप ने इस विमान को मार गिराने का दावा किया है, जबकि अमेरिकी सेना ने इसे हवा में दो विमानों की टक्कर बताया है।

👉: UAE सरकार का बड़ा अपडेट, 1567 ड्रोन और 285 मिसाइलों को किया नष्ट, एक्सपायर वीजा वालों को मिली बड़ी राहत

घटना में क्या हुआ और कितने लोगों की जान गई?

यह हादसा पश्चिमी इराक में जॉर्डन बॉर्डर के पास तुरैबिल इलाके में हुआ। अमेरिकी सेना के मुताबिक, घटना के समय आसमान में दो KC-135 विमान उड़ रहे थे। दोनों विमानों के बीच किसी वजह से हवा में टक्कर हो गई।

  • हादसे में एक विमान पूरी तरह क्रैश हो गया, जिसमें 4 अमेरिकी जवानों की जान चली गई।
  • बचे हुए 2 लापता जवानों को खोजने के लिए अभी भी रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा है।
  • दूसरा विमान भी इस घटना में डैमेज हुआ है, जिसने बाद में इजरायल के Ben Gurion Airport पर इमरजेंसी लैंडिंग की।

अमेरिका और इस्लामिक गुटों के क्या दावे हैं?

इस हादसे को लेकर इराक के इस्लामिक रेजिस्टेंस (IRI) और अमेरिकी सेना (CENTCOM) के बयानों में काफी अंतर है। दोनों पक्षों ने अपनी-अपनी बात रखी है।

  • इस्लामिक गुट का दावा: इराक के इस्लामिक रेजिस्टेंस ग्रुप ने बयान जारी कर दावा किया है कि उन्होंने इराक की संप्रभुता को बचाने के लिए मिसाइल से इस विमान को मार गिराया है। ईरान के डिफेंस हेडक्वार्टर ने भी इस बात का समर्थन किया है।
  • अमेरिकी सेना का बयान: अमेरिकी सेना ने हमले के दावों को पूरी तरह खारिज किया है। उनका कहना है कि यह हादसा किसी हमले से नहीं, बल्कि सुरक्षित आसमान में दो विमानों की टक्कर (mid-air collision) के कारण हुआ है।
  • डिफेंस सेक्रेटरी Pete Hegseth ने इसे युद्ध की अफरातफरी का नतीजा बताया और जान गंवाने वाले जवानों को अमेरिकी हीरो कहा।

ऑपरेशन की डिटेल और अमेरिका का नुकसान

अमेरिका इस समय ईरान के खिलाफ Operation Epic Fury चला रहा है, जो फरवरी 2026 के अंत में शुरू हुआ था। इस युद्ध में अमेरिका को अब तक 4 विमानों का नुकसान हो चुका है। इससे पहले मार्च की शुरुआत में कुवैत में भी 3 F-15 फाइटर जेट आपस में टकराने की वजह से क्रैश हो चुके हैं। अमेरिकी सेना फिलहाल मारे गए जवानों के नाम सार्वजनिक नहीं कर रही है। नियमों के अनुसार परिजनों को सूचना देने के 24 घंटे बाद ही नामों की घोषणा की जाएगी।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.