अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर से काफी बढ़ गया है। सऊदी अरब के मीडिया के अनुसार, अमेरिकी सेना ने आधिकारिक बयान जारी कर कहा है कि उसके सैनिक किसी भी ईरानी खतरे से निपटने के लिए पूरी तरह सतर्क हैं और वे क्षेत्र में संघर्ष विराम का समर्थन करते हैं। हालांकि, ज़मीनी हालात काफी चिंताजनक बने हुए हैं क्योंकि कुवैत में स्थित अमेरिकी सैन्य बेस पर मिसाइल और ड्रोन से हमला हुआ है जिसमें सात लोगों के घायल होने की खबर आई है। दोनों देशों के बीच संघर्ष विराम समझौते के बावजूद हमलों का सिलसिला लगातार जारी है।

कुवैत में अमेरिकी बेस पर मिसाइल हमला और एयर डिफेंस की कार्रवाई

कुवैत की सेना ने सोमवार को अपनी सीमा में आने वाली मिसाइलों और ड्रोनों को हवा में ही मार गिराने के लिए एयर डिफेंस सिस्टम का इस्तेमाल किया। अमेरिकी मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि कुवैत में बने अमेरिकी सैन्य बेस पर हुए इस ईरानी मिसाइल हमले में सात लोग घायल हुए हैं। कुवैत के विदेश मंत्रालय ने साफ किया है कि देश की सुरक्षा और अपनी ज़मीन की रक्षा के लिए वे हर जरूरी कदम उठाने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।

अमेरिकी सेना और ईरान के बीच हमलों का दौर हुआ तेज

अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने बताया कि अमेरिकी लड़ाकू विमानों ने ईरान के गोरुक और केश्म द्वीप पर बने राडार और ड्रोन ठिकानों को निशाना बनाया है। यह कार्रवाई अमेरिकी सेना ने अपने बचाव में की थी क्योंकि ईरान ने अंतरराष्ट्रीय हवाई क्षेत्र में उड़ रहे अमेरिकी MQ-1 ड्रोन को मार गिराया था। इसके जवाब में ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने सोमवार को अमेरिकी बेस पर हमले की जिम्मेदारी ली और चेतावनी दी कि अगर अमेरिका ने दोबारा हमला किया तो इसका अंजाम बिल्कुल अलग और भयानक होगा।

संघर्ष विराम और शांति समझौते को लेकर बड़ा विवाद

इस साल अप्रैल में दोनों देशों के बीच एक संघर्ष विराम समझौता हुआ था, लेकिन अमेरिका और ईरान दोनों ही एक-दूसरे पर समझौते के उल्लंघन का आरोप लगा रहे हैं। ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बकाई ने कहा है कि अमेरिका लगातार नियमों को तोड़ रहा है। दूसरी तरफ अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने उम्मीद जताई है कि ईरान वास्तव में समझौता करना चाहता है और अंत में सब कुछ ठीक हो जाएगा। इस पूरे विवाद को सुलझाने के लिए कतर और पाकिस्तान के मध्यस्थ भी कोशिशों में जुटे हुए हैं।

Frequently Asked Questions (FAQs)

कुवैत में अमेरिकी बेस पर हुए हमले में क्या नुकसान हुआ है?

अमेरिकी मीडिया के अनुसार, कुवैत में अमेरिकी सैन्य बेस पर हुए मिसाइल हमले में सात लोग घायल हुए हैं। कुवैती एयर डिफेंस ने कई मिसाइलों और ड्रोनों को सफलतापूर्वक रास्ते में ही नष्ट कर दिया था।

अमेरिका ने ईरान के ठिकानों पर हमला क्यों किया?

अमेरिकी सेना (CENTCOM) के अनुसार, ईरान ने अंतरराष्ट्रीय हवाई क्षेत्र में अमेरिका के एक MQ-1 ड्रोन को मार गिराया था। इसी के जवाब में अमेरिका ने ईरान के राडार और ड्रोन ठिकानों पर हमले किए।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.