ईरान के Bushehr प्रांत में 22 जुलाई 2026 को एक बिजली स्टेशन पर अमेरिकी मिसाइल से हमला हुआ। यह हमला Bushehr परमाणु बिजली संयंत्र के पास किया गया। US Central Command (CENTCOM) ने इस बात की पुष्टि की है कि यह लगातार 11वीं रात थी जब उन्होंने ईरान के ठिकानों पर स्ट्राइक की।
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हमले का विवरण और प्रभाव
ईरान की सरकारी न्यूज एजेंसी IRNA के अनुसार, इस हमले में Bushehr प्रांत के 3 अलग-अलग ठिकानों को निशाना बनाया गया, जिसमें एक बिजली का खंभा भी शामिल था जो परमाणु संयंत्र के करीब था। स्थानीय अधिकारियों ने बताया कि Bushehr शहर में 2 धमाके हुए और 1 धमाका Khormoj के पास सुना गया। राहत की बात यह रही कि इस घटना में कोई भी व्यक्ति हताहत नहीं हुआ और न ही किसी के घायल होने की खबर है। हमले के बाद Bandar-e Gah गांव में बिजली गुल हो गई थी, जिसे 2 घंटे के भीतर ठीक कर दिया गया।
अमेरिकी प्रशासन का तर्क
CENTCOM ने बताया कि उनके हमलों का मकसद ईरान की सैन्य क्षमता को कम करना है, जिसमें सैन्य केंद्र, विमान हैंगर, ड्रोन स्टोर और रसद इंफ्रास्ट्रक्चर शामिल हैं। यह कार्रवाई मुख्य रूप से होर्मुज जलडमरूमध्य में व्यावसायिक जहाजों को सुरक्षित रखने के लिए की गई है। अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने पहले ही चेतावनी दी थी कि अगर ईरान जहाजों को परेशान करेगा, तो अमेरिका उनके पुल या बिजली संयंत्रों को निशाना बनाएगा। वहीं, ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Esmaeil Baghaei ने अमेरिकी दावों को खारिज करते हुए इसे केवल बहानेबाजी करार दिया है।
