अमेरिका ने ईरान के खिलाफ अपनी समुद्री नाकाबंदी (naval blockade) को और कड़ा कर दिया है। US Central Command (CENTCOM) ने बताया कि 13 अप्रैल से अब तक 58 कमर्शियल जहाजों का रास्ता बदला गया और 4 जहाजों को पूरी तरह बेकार कर दिया गया। यह सब इसलिए किया गया ताकि कोई भी जहाज ईरान के बंदरगाहों में न जा सके और न ही वहां से बाहर निकल सके।

अमेरिकी लड़ाकू विमानों ने कैसे किया हमला और कौन से जहाज हुए बेकार

ताजा जानकारी के मुताबिक, 8 मई को अमेरिकी नेवी के F/A-18 Super Hornets लड़ाकू विमानों ने दो ईरानी जहाजों पर हमला किया। इन जहाजों के नाम M/T Sea Star III और M/T Sevda थे। अमेरिकी विमानों ने सटीक मिसाइलों से इनके धुएं निकलने वाले पाइप (smokestacks) को निशाना बनाया, जिससे ये जहाज बेकार हो गए और ओमान की खाड़ी में ईरान के पोर्ट तक नहीं पहुंच सके। सेंटकॉम के कमांडर एडमिरल ब्रैड कूपर ने साफ कहा है कि अमेरिका इस नाकाबंदी को पूरी सख्ती से लागू रखेगा।

नाकाबंदी के नियम क्या हैं और आम जहाजों पर क्या होगा असर

इस पूरी कार्रवाई को लेकर कुछ जरूरी बातें सामने आई हैं जो आम व्यापारियों और जहाजों के लिए जानना जरूरी है:

  • यह नाकाबंदी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 12 अप्रैल 2026 को शुरू करने का ऐलान किया था।
  • यह नियम सिर्फ उन जहाजों पर लागू है जो ईरान के बंदरगाहों या तटों पर जा रहे हैं या वहां से आ रहे हैं।
  • जरूरी बात: जो जहाज हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से होकर किसी दूसरे देश के पोर्ट पर जा रहे हैं, उन्हें कोई दिक्कत नहीं होगी। उनके लिए रास्ता खुला है।
  • खाना और दवाइयों जैसे मानवीय सामान ले जाने वाले जहाजों को अनुमति दी जाएगी, लेकिन उनकी जांच की जाएगी।

ईरान और अमेरिका के बीच हालिया झड़प और नुकसान का दावा

समुद्र में तनाव इतना बढ़ गया है कि दोनों देशों के बीच मिसाइल और ड्रोन का मुकाबला भी हुआ। ईरान का दावा है कि उसने अमेरिका के तीन डिस्ट्रॉयर जहाजों को नुकसान पहुंचाया, लेकिन राष्ट्रपति ट्रंप ने इसे गलत बताया और कहा कि जहाज सुरक्षित बाहर निकल आए। वहीं, अमेरिका ने अपनी रक्षा के लिए ईरान के कुछ ठिकानों पर हमले किए। इस झड़प में ईरान ने माना है कि उसके 10 नाविक घायल हुए हैं और 5 लोग अभी भी लापता हैं। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने अमेरिका की इस कार्रवाई को एक खतरनाक सैन्य कदम बताया है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

क्या इस नाकाबंदी से दूसरे देशों के जहाजों का रास्ता बंद हो गया है

नहीं, अमेरिका ने साफ किया है कि हॉर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले उन जहाजों को कोई परेशानी नहीं होगी जो ईरान के अलावा किसी अन्य देश के बंदरगाहों पर जा रहे हैं।

क्या दवाइयां और राशन ले जाने वाले जहाजों को अनुमति मिलेगी

हां, मानवीय सहायता जैसे भोजन और मेडिकल सप्लाई ले जाने वाले जहाजों को जाने दिया जाएगा, लेकिन उन्हें सुरक्षा जांच से गुजरना होगा।