Strait of Hormuz में अमेरिका ने नौसैनिक नाकेबंदी लागू कर रखी है, लेकिन इसके बावजूद ईरान से जुड़े चार जहाज़ इस रास्ते से निकल गए। इन जहाज़ों में तेल टैंकर और मालवाहक जहाज़ शामिल थे। विशेषज्ञों का मानना है कि कुछ जहाज़ों ने अपनी सही लोकेशन छिपाने के लिए GPS के साथ छेड़छाड़ की ताकि वे पकड़ में न आएं।

नाकेबंदी के बीच कौन से जहाज़ निकले और क्या है मामला?

अमेरिकी सेना ने ईरान से जुड़े समुद्री ट्रैफिक को रोकने का आदेश दिया था। इसके बावजूद Christianna, Rich Starry, Murlikishan और Elpis नाम के जहाज़ इस जलडमरूमध्य से गुज़रे। इनमें से कुछ जहाज़ चीन से ईरान जा रहे थे या ईरानी बंदरगाहों से रवाना हुए थे। अमेरिका द्वारा प्रतिबंधित टैंकरों का इस तरह निकलना सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रहा है।

अमेरिका और ईरान के बीच तनाव और नियमों का क्या असर है?

राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिकी नौसेना को उन सभी जहाज़ों को रोकने का निर्देश दिया है जिन्होंने ईरान को टोल दिया है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने कहा कि यह नाकेबंदी सिर्फ ईरानी बंदरगाहों पर आने-जाने वाले ट्रैफिक के लिए है और अन्य जहाज़ों को रास्ता दिया जाएगा। दूसरी ओर, ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (IRGC) ने चेतावनी दी है कि किसी भी सैन्य जहाज़ का आना संघर्ष-विराम का उल्लंघन माना जाएगा और इसका जवाब कठोर होगा।

नाकेबंदी से जुड़े मुख्य आंकड़े और सैन्य तैनाती

अमेरिका ने इस क्षेत्र में अपनी ताकत बढ़ाई है और ईरान पर आर्थिक दबाव बनाने की कोशिश की है। नीचे दी गई टेबल में पूरी जानकारी दी गई है:

विवरण जानकारी
नाकेबंदी की तारीख 13 अप्रैल 2026
ईरान का अनुमानित नुकसान 435 मिलियन डॉलर प्रतिदिन
कुल तैनात अमेरिकी युद्धपोत 15 (USS Abraham Lincoln और 11 विध्वंसक सहित)
माइन हंटिंग जहाज़ USS फ्रैंक ई. पीटरसन और यूएएस माइकल मर्फी
मध्यस्थता करने वाला देश पाकिस्तान
ईरान का दावा नाकेबंदी को समुद्री डकैती बताया
Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.