अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर बहुत बढ़ गया है. पाकिस्तान में हुई शांति वार्ता के असफल होने के बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बड़ा फैसला लिया है. अब अमेरिकी नौसेना ईरान के सभी बंदरगाहों की नाकेबंदी करेगी, जिससे वहां आने-जाने वाले जहाजों पर कड़ी पाबंदी रहेगी.

अमेरिका ने नाकेबंदी के लिए क्या नियम बनाए हैं?

CENTCOM के मुताबिक यह नाकेबंदी 13 अप्रैल 2026 को सुबह 10 बजे (Eastern Time) से शुरू होगी. अमेरिकी नौसेना उन सभी जहाजों को रोकेगी जो ईरानी बंदरगाहों की तरफ जा रहे हैं या वहां से निकल रहे हैं. हालांकि, Strait of Hormuz को पूरी तरह बंद नहीं किया जाएगा और अन्य देशों के बंदरगाहों के लिए रास्ता खुला रहेगा.

यह फैसला क्यों लिया गया और इसका असर क्या होगा?

इस्लामाबाद, पाकिस्तान में अमेरिका और ईरान के बीच शांति बातचीत चल रही थी, लेकिन 12 अप्रैल को यह वार्ता बिना किसी समझौते के खत्म हो गई. इसके तुरंत बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने नौसेना को आदेश दिया कि ईरान पर आर्थिक और सैन्य दबाव बढ़ाने के लिए नाकेबंदी की जाए. अमेरिका उन जहाजों को भी पकड़ेगा जिन्होंने ईरान को टोल टैक्स दिया है और समुद्र में बिछाई गई माइन्स को नष्ट किया जाएगा.

नाकेबंदी से जुड़ी मुख्य जानकारी

विवरण जानकारी
लागू होने की तारीख 13 अप्रैल 2026
समय सुबह 10:00 बजे (ET)
मुख्य आदेश ईरानी बंदरगाहों की नाकेबंदी
कारण पाकिस्तान में शांति वार्ता की विफलता
ईरान का रुख सैन्य जहाजों पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी