अमेरिका ने मिडिल ईस्ट में अपनी सैन्य ताकत बढ़ा दी है। कई दशकों बाद पहली बार इस इलाके में एक साथ तीन एयरक्राफ्ट करियर तैनात किए गए हैं। इसमें USS Abraham Lincoln, USS Gerald R. Ford और USS George H. W. Bush शामिल हैं। इस बड़े कदम से इलाके में हलचल बढ़ गई है।

अमेरिका ने कहाँ और कैसे तैनात किए अपने जहाज?

CENTCOM ने जानकारी दी है कि USS George H. W. Bush अब हिंद महासागर में पहुंच गया है। वहीं USS Gerald R. Ford लाल सागर (Red Sea) में और USS Abraham Lincoln अरब सागर में तैनात है। इन तीनों जहाजों के साथ 200 से ज्यादा सैन्य विमान और लगभग 15,000 नाविक मौजूद हैं। इनके साथ कई डिस्ट्रॉयर जहाज जैसे USS Mahan, USS Ross और USS Mason भी सुरक्षा के लिए तैनात किए गए हैं।

ईरान के साथ तनाव और नाकाबंदी का क्या असर है?

यह तैनाती ऐसे समय में हुई है जब ईरान के साथ एक नाजुक युद्धविराम चल रहा है। अमेरिका ने 13 अप्रैल को ईरानी बंदरगाहों की समुद्री नाकाबंदी का ऐलान किया था। रिपोर्ट के मुताबिक अब तक कम से कम 33 कमर्शियल जहाजों को वापस लौटने या रास्ता बदलने के लिए कहा गया है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस नाकाबंदी को बहुत मजबूत बताया है और जरूरत पड़ने पर सैन्य हमलों की संभावना भी जताई है।

जहाजों की तैनाती से जुड़ी खास बातें क्या हैं?

  • USS Gerald R. Ford: इस जहाज की तैनाती अब 300 दिनों से ज्यादा हो गई है, जो वियतनाम युद्ध के बाद सबसे लंबा समय है। यह जहाज क्रोएशिया में मरम्मत के बाद वापस आया है।
  • USS George H. W. Bush: इस जहाज ने अफ्रीका के दक्षिणी छोर (Cape of Good Hope) से होकर रास्ता तय किया ताकि बाब अल-मंडेब जलडमरूमध्य से बचा जा सके।
  • USS Abraham Lincoln: यह जहाज जनवरी 2026 से ही अरब सागर में काम कर रहा है।
Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.