अमेरिका की नौसेना ने ईरान के एक मालवाहक जहाज़ को वापस लौटने पर मजबूर कर दिया है। US Central Command (CENTCOM) ने बताया कि USS Spruance डिस्ट्रॉयर ने यह कार्रवाई की। यह कदम इलाके में लागू की गई नौसैनिक नाकाबंदी को सख्ती से चलाने के लिए उठाया गया।

नाकाबंदी के दौरान क्या हुआ और कितने जहाज़ लौटे?

USS Spruance ने मंगलवार, 14 अप्रैल 2026 को एक ईरानी कार्गो जहाज़ को रोका और उसे वापस ईरान जाने के लिए मजबूर किया। यह जहाज़ Bandar Abbas पोर्ट से निकला था। CENTCOM के मुताबिक, सोमवार से अब तक कुल 10 जहाज़ों को वापस मोड़ा गया है और अब तक कोई भी जहाज़ नाकाबंदी तोड़कर आगे नहीं बढ़ पाया है।

CENTCOM कमांडर Admiral Brad Cooper ने बताया कि अमेरिकी सेना ने ईरान से होने वाले समुद्री व्यापार को पूरी तरह रोक दिया है। हालांकि, उन्होंने यह साफ किया कि जो जहाज़ ईरान के पोर्ट पर नहीं जा रहे हैं, उन्हें Strait of Hormuz से गुज़रने में कोई दिक्कत नहीं होगी।

यह पूरा विवाद क्या है और इसके नियम क्या हैं?

यह नाकाबंदी 13 अप्रैल 2026 से शुरू हुई। इससे पहले 11 और 12 अप्रैल को इस्लामाबाद में अमेरिका और ईरान के बीच शांति वार्ता हुई थी, जो नाकाम रही। राष्ट्रपति Donald Trump ने बातचीत टूटने के बाद Strait of Hormuz को सील करने और जहाजों की नाकाबंदी का आदेश दिया था।

ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने चेतावनी दी है कि अगर कोई भी सैन्य जहाज़ Strait के पास आया, तो इसे युद्धविराम का उल्लंघन माना जाएगा और इसका कड़ा जवाब दिया जाएगा। इस पूरे ऑपरेशन में USS Tripoli जहाज़ भी अरब सागर में मदद कर रहा है।

तारीख घटना
7 अप्रैल 2026 अमेरिका और ईरान के बीच दो हफ्ते का युद्धविराम शुरू हुआ
11-12 अप्रैल 2026 इस्लामाबाद में शांति वार्ता विफल रही
13 अप्रैल 2026 ईरानी पोर्ट्स की नौसैनिक नाकाबंदी शुरू हुई
14 अप्रैल 2026 USS Spruance ने ईरानी कार्गो जहाज़ को वापस मोड़ा
15 अप्रैल 2026 CENTCOM ने 10 जहाज़ों के वापस लौटने की पुष्टि की